रायपुर 30 जनवरी 2026 / ETrendingIndia / जमीन की नई गाइडलाइन दरें अब लागू
जमीन की नई गाइडलाइन दरें रायपुर और कोरबा में लागू कर दी गई हैं। राज्य सरकार ने संशोधित दरों को मंजूरी दे दी है। इसलिए 30 जनवरी 2026 से संपत्ति पंजीयन नई दरों पर होगा।
इसके अलावा यह फैसला बाजार मूल्य को ध्यान में रखकर लिया गया है। इसी तरह सरकार पंजीयन प्रक्रिया को पारदर्शी बनाना चाहती है।
संशोधन प्रस्ताव कैसे हुए मंजूर
जमीन की नई गाइडलाइन दरें लागू करने से पहले जिलों को प्रस्ताव भेजने को कहा गया था। पहले 20 नवंबर 2025 से राज्य में नई दरें लागू हुई थीं। इसके बाद जिलों ने स्थानीय जरूरत के अनुसार संशोधन मांगा।
फिर रायपुर और कोरबा की जिला मूल्यांकन समितियों ने प्रस्ताव तैयार किए। तत्पश्चात इन्हें केंद्रीय मूल्यांकन बोर्ड को भेजा गया। बैठक में विस्तार से चर्चा हुई और प्रस्तावों को मंजूरी मिल गई।
आम लोगों और प्रॉपर्टी बाजार पर असर
जमीन की नई गाइडलाइन दरें लागू होने से संपत्ति खरीदना महंगा हो सकता है। क्योंकि रजिस्ट्रेशन शुल्क अब संशोधित दरों के आधार पर लगेगा। हालांकि इससे बाजार मूल्य और सरकारी दरों के बीच अंतर कम होगा।
उदाहरण के लिए, पहले कई इलाकों में बाजार भाव ज्यादा था लेकिन गाइडलाइन दर कम थी। अब यह अंतर घटेगा। इसलिए पारदर्शिता बढ़ेगी और राजस्व भी बढ़ सकता है।
अन्य जिलों में भी हो सकता है बदलाव
जमीन की नई गाइडलाइन दरें केवल रायपुर और कोरबा तक सीमित नहीं रह सकतीं। सरकार ने साफ किया है कि अन्य जिलों से प्रस्ताव मिलते ही कार्रवाई होगी। इस कारण आगे और जिलों में भी बदलाव संभव है।
अंत में, नागरिक पूरी जानकारी जिला पंजीयन कार्यालय से ले सकते हैं। कुल मिलाकर यह कदम व्यवस्था को व्यवस्थित और स्पष्ट बनाने की दिशा में माना जा रहा है।
