रायपुर, 21 मई 2026/ ETrendingIndia / Gold search intensifies in Chhattisgarh, auction of new Mahasamund mine in final stages / छत्तीसगढ़ स्वर्ण खदान नीलामी , Chhattisgarh में सोने की खोज और खनन गतिविधियां तेजी से बढ़ रही हैं। महासमुंद जिले के बागबहरा क्षेत्र के करणखोल-राचपालपुर इलाके में स्थित नई स्वर्ण खदान की नीलामी प्रक्रिया अब अंतिम चरण में पहुंच गई है।
भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (जीएसआई) और राज्य खनिज विभाग के अनुसार इस क्षेत्र में लगभग 300 किलोग्राम से अधिक सोने का भंडार होने का अनुमान है। यह खदान करीब 150 हेक्टेयर क्षेत्र में फैली हुई है।
सोनाखान-बागबहरा क्षेत्र में 2700 किलो सोने की संभावना
राज्य खनिज विभाग का दावा है कि पूरे सोनाखान-बागबहरा क्षेत्र में करीब 2,700 किलो सोने का विशाल भंडार हो सकता है।
विभाग के अनुसार आने वाले वर्षों में यह इलाका देश के महत्वपूर्ण स्वर्ण उत्पादन केंद्रों में शामिल हो सकता है। इसी क्षेत्र में प्रदेश की पहली स्वर्ण खदान के पूर्वेक्षण का कार्य भी पहले से चल रहा है।
तीन साल में शुरू हो सकता है व्यावसायिक उत्पादन
खनिज विभाग के अधिकारियों के मुताबिक यदि सभी प्रक्रियाएं समय पर पूरी हुईं तो अगले तीन वर्षों के भीतर छत्तीसगढ़ की खदानों से व्यावसायिक स्तर पर सोना निकालना शुरू हो सकता है। इससे राज्य की अर्थव्यवस्था और रोजगार के अवसरों को भी बड़ा लाभ मिलने की उम्मीद है।
नीलामी में बड़ी कंपनियों की दिलचस्पी
अधिकारियों के अनुसार इस बहुमूल्य खदान की नीलामी में देश की कई बड़ी खनन कंपनियों ने रुचि दिखाई है। पूरी प्रक्रिया केंद्र सरकार की एजेंसी एमएमटीसी के माध्यम से संचालित की जा रही है। राज्य सरकार को उम्मीद है कि इस नीलामी से 100 करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व प्राप्त हो सकता है।
पहले टेंडर में नहीं मिली थी पर्याप्त रुचि
बताया गया है कि जनवरी 2026 में जारी पहले टेंडर को पर्याप्त प्रतिस्पर्धा नहीं मिलने के कारण निरस्त करना पड़ा था। बाद में दोबारा निविदा जारी की गई, जिसमें दो बड़ी कंपनियों ने बेहतर प्रस्ताव दिए हैं। चयनित कंपनी को इस महीने के अंत तक कंपोजिट लाइसेंस जारी किया जा सकता है।
आयरन ओर और लाइम स्टोन खदानों की भी नीलामी
सोने के अलावा राज्य में अन्य खनिजों के दोहन की तैयारी भी तेज हो गई है। कबीरधाम जिले के सोहागपुर क्षेत्र में 233.12 हेक्टेयर की लाइम स्टोन खदान तथा खारा क्षेत्र में 301 हेक्टेयर की आयरन ओर खदान की नीलामी प्रक्रिया जारी है। इन परियोजनाओं में भी कई बड़ी कंपनियों ने दिलचस्पी दिखाई है। जून के पहले सप्ताह तक टेंडर प्रक्रिया पूरी होने की संभावना जताई जा रही है।
