Share This Article रायपुर, 29 जुलाई। Anti Paper Leak Bill : मानसून सत्र का एक और दिन हंगामे की भेंट चढ़ गया। एंटी पेपर लीक बिल पर चर्चा शुरू होते ही लोकसभा में विपक्ष के विरोध और सरकार के जवाबी हमलों से सदन में शोर-शराबा बढ़ गया, जिसके कारण स्पीकर स्पीकर ओम बिरला को कार्यवाही पहले दोपहर 12 बजे तक और बाद में 2:30 बजे तक स्थगित करनी पड़ी। एंटी पेपर लीक बिल पर फिर शुरू हुई चर्चा दोपहर 12 बजे के बाद सदन की कार्यवाही दोबारा शुरू हुई और जेडीयू सांसद दिलेश्वर कामत ने एंटी पेपर लीक बिल पर चर्चा की शुरुआत की। सरकार इस विधेयक को परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और पेपर लीक पर सख्ती के लिए महत्वपूर्ण बता रही है। राहुल गांधी और सरकार के बीच तीखी बहस कार्यवाही के दौरान राहुल गांधी ने सुरक्षा बलों के इस्तेमाल को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसे आदेश गृह मंत्री के निर्देश पर ही जारी होते हैं। इस पर संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने जवाब देते हुए कहा कि यदि ऐसा कोई आदेश है तो उसकी प्रति सदन में प्रस्तुत की जाए। उन्होंने कहा कि बिना तथ्यों के आरोप लगाना उचित नहीं है। स्पीकर ओम बिरला ने दी नसीहत हंगामे के बीच स्पीकर ओम बिरला ने विपक्ष और सत्ता पक्ष दोनों से सदन की गरिमा बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि सदन नियम और प्रक्रिया से चलता है तथा नेता प्रतिपक्ष सहित सभी सदस्यों को तथ्यों के आधार पर और मर्यादा में रहकर अपनी बात रखनी चाहिए। राज्यसभा में भी विपक्ष का हंगामा उधर, राज्यसभा में विपक्ष ने सीपीएम के दिल्ली कार्यालय पर कथित छापेमारी का मुद्दा उठाया। विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने इसे लोकतंत्र के खिलाफ बताया, जबकि सदन के नेता जेपी नड्डा ने कहा कि यह सामान्य कानूनी प्रक्रिया का हिस्सा है। उन्होंने अपने छात्र जीवन का उदाहरण देते हुए कहा कि वे भी आंदोलन के दौरान दो बार गिरफ्तार हो चुके हैं। सदन में उठे आरोपों और प्रत्यारोपों पर संबंधित पक्षों के अलग-अलग दावे हैं। इन पर राजनीतिक बहस जारी है। Share This Article Post navigation India-Nepal Trade : भारत से पहली सीधी कंटेनर मालगाड़ी नेपाल पहुंची…! सीमा पार व्यापार में खुला नया अध्याय Bastar Pandum : राष्ट्रपति भवन में बना इतिहास…! बस्तर के कलाकारों और मांझी-चालकी परंपरा को मिला राष्ट्रीय सम्मान