Share This Article नई दिल्ली, 22 सितंबर 2026। Sonia Gandhi Voter List Case : कांग्रेस नेता सोनिया गांधी के नाम को 1980 की मतदाता सूची में शामिल किए जाने के आरोपों से जुड़े मामले में दिल्ली की अदालत ने सोमवार को मजिस्ट्रेट अदालत के पिछले आदेश को रद्द कर दिया। द्वारका कोर्ट के विशेष न्यायाधीश विशाल गोगने ने मामले को दोबारा मजिस्ट्रेट के पास भेजते हुए सभी संबंधित पक्षों को सुनकर नए सिरे से कारणयुक्त आदेश पारित करने का निर्देश दिया है। मामले की अगली सुनवाई 29 सितंबर को होगी। FIR की मांग खारिज करने वाला आदेश हुआ रद्द यह मामला वकील विकास त्रिपाठी की ओर से दायर पुनरीक्षण याचिका से जुड़ा है। उन्होंने सोनिया गांधी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की थी। इससे पहले 11 सितंबर 2025 को मजिस्ट्रेट अदालत ने यह मांग खारिज कर दी थी। इसके बाद त्रिपाठी ने उस आदेश को सत्र अदालत में चुनौती दी थी। विशेष न्यायाधीश विशाल गोगने ने अब मजिस्ट्रेट के आदेश को पर्याप्त कारणों के अभाव में रद्द करते हुए मामले को वापस भेज दिया है। कोर्ट ने प्रक्रिया में बताई कई खामियां विशेष न्यायाधीश ने कहा कि निचली अदालत के आदेश में पर्याप्त कारण दर्ज नहीं किए गए थे। अदालत के मुताबिक, मजिस्ट्रेट ने संबंधित पुलिस अधिकारी की दलील नहीं सुनी और पुलिस थाने से स्थिति रिपोर्ट भी नहीं मंगाई। कोर्ट ने BNSS की धारा 175(3) के तहत अपनाई जाने वाली प्रक्रिया का पालन नहीं होने को भी आदेश की खामी माना। 1980 की मतदाता सूची को लेकर क्या है आरोप? याचिकाकर्ता विकास त्रिपाठी का आरोप है कि सोनिया गांधी का नाम नई दिल्ली संसदीय क्षेत्र की मतदाता सूची में 1980 में दर्ज किया गया था, जबकि उनके अनुसार भारतीय नागरिकता 30 अप्रैल 1983 को मिली थी। याचिका में दावा किया गया है कि नाम 1982 में हटाया गया और बाद में 1983 में फिर दर्ज किया गया। याचिकाकर्ता ने यह भी सवाल उठाया है कि उस समय नाम दर्ज कराने के लिए किन दस्तावेजों का इस्तेमाल किया गया था। कोर्ट ने आरोपों को साबित नहीं माना, 29 सितंबर को होगी सुनवाई दिल्ली कोर्ट के सोमवार के आदेश का अर्थ यह नहीं है कि सोनिया गांधी के खिलाफ लगाए गए आरोप अदालत ने साबित मान लिए हैं। अदालत ने केवल मजिस्ट्रेट के पहले आदेश को रद्द कर मामले पर कानून के अनुसार नए सिरे से विचार करने का निर्देश दिया है। अब मजिस्ट्रेट अदालत पुलिस और संबंधित पक्षों को सुनने के बाद नया कारणयुक्त आदेश पारित करेगी। मामले की अगली सुनवाई 29 सितंबर को निर्धारित है। Share This Article Post navigation INS Kolkata PNS Hunain Collision : अरब सागर में INS Kolkata-PNS Hunain की टक्कर पर भारत का पलटवार…! पाकिस्तान के आरोप खारिज Supreme Court : आवारा मवेशियों के आश्रय स्थल पर NHAI की आपत्ति, 7 हजार करोड़ खर्च का अनुमान, विशेष पीठ करेगी सुनवाई