Share This Article रायपुर, 07 अक्टूबर 2026। ETrendingIndia / बिलासपुर में अरपा नदी को प्रदूषण से बचाने के लिए शहर के 70 छोटे-बड़े नालों के पानी का उपचार किया जाएगा। नगरीय प्रशासन विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने अधिकारियों को प्रत्येक नाले की स्थिति और पानी की मात्रा का आकलन कर दीर्घकालीन समाधान के लिए विस्तृत डीपीआर तैयार करने के निर्देश दिए। साथ ही शहर की स्वच्छता, यातायात, विकास कार्यों और कमांड एंड कंट्रोल सेंटर की व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई। 70 नालों के लिए बनेगी समग्र योजना अधिकारियों के मुताबिक बिलासपुर के 70 नाले अरपा नदी में मिलते हैं। प्रमुख सचिव ने निर्देश दिए कि दूषित पानी सीधे नदी में न पहुंचे और उपचार के बाद ही नदी में छोड़ा जाए। योजना में तकनीकी व्यवहार्यता, भविष्य की जरूरत और पर्यावरणीय प्रभाव का भी ध्यान रखा जाएगा। स्वच्छता और यातायात पर जोर शहर की सफाई व्यवस्था में लगातार सुधार बनाए रखने और नागरिकों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाने के निर्देश दिए गए। यातायात को सुगम बनाने के लिए संबंधित विभागों को आपसी समन्वय से काम करने को कहा गया। 542 विकास कार्यों की समीक्षा बिलासपुर में नगरीय अधोसंरचना के 542 कार्य स्वीकृत हैं। इनमें 334 पूरे, 182 प्रगतिरत और 26 कार्य अभी शुरू नहीं हुए हैं। अधिकारियों को लंबित कार्यों में तेजी लाने तथा गुणवत्ता और तय समय-सीमा का पालन करने के निर्देश दिए गए। नालंदा परिसर का काम भी समय पर पूरा करने के निर्देश 500 लोगों की क्षमता वाले निर्माणाधीन नालंदा परिसर को आधुनिक शैक्षणिक केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है।प्रथम तल का स्लैब पूरा हो चुका है, जबकि द्वितीय तल का काम करीब 50 प्रतिशत पूरा हुआ है। कमांड एंड कंट्रोल सेंटर का निरीक्षण प्रमुख सचिव ने तारबाहर स्थित कमांड एंड कंट्रोल सेंटर का निरीक्षण कर आईटीएमएस की कार्यप्रणाली देखी। उन्होंने नगरीय परियोजनाओं में जरूरत के अनुसार सौर ऊर्जा के उपयोग की संभावनाएं तलाशने पर भी जोर दिया। Share This Article Post navigation शिक्षकों को TET उत्तीर्ण करने का अवसर प्रदान करने… विशेष TET परीक्षा आयोजित करने की कर्मचारी – अधिकारी फेडरेशन की मांग… विभिन्न शैक्षिक संगठनों की बैठक CG PWD : 164 सहायक अभियंताओं सहित कुल 265 अधिकारियों-कर्मचारियों के तबादले