Share This Article नई दिल्ली, 17 अक्टूबर 2026। Dengue Research 2026 : डेंगू के इलाज की दिशा में नई उम्मीद जगी है। दिल्ली स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) के शोधकर्ताओं ने डेंगू वायरस की वृद्धि को नियंत्रित करने वाली एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया का पता लगाया है। अध्ययन के अनुसार, ट्रांसफर RNA (tRNA) के छोटे टुकड़े, जिन्हें tRNA-derived fragments (tRFs) कहा जाता है, वायरस की वृद्धि को बढ़ावा देने के साथ-साथ उसे रोकने में भी भूमिका निभा सकते हैं। वैज्ञानिकों का मानना है कि यह खोज भविष्य में डेंगू के लिए लक्षित एंटीवायरल उपचार विकसित करने में मददगार साबित हो सकती है। AIIMS के शोध में सामने आई अहम जानकारी शोधकर्ताओं ने पाया कि tRNA से बनने वाले छोटे RNA अंश डेंगू वायरस की वृद्धि को प्रभावित कर सकते हैं। इनमें से कुछ अंश वायरस के बढ़ने में मदद करते हैं, जबकि अन्य उसकी वृद्धि को दबाने में भूमिका निभा सकते हैं। यह खोज वायरस और मानव कोशिकाओं के बीच होने वाली जैविक प्रक्रियाओं को बेहतर ढंग से समझने में मदद कर सकती है। डॉ. भूपेंद्र वर्मा के नेतृत्व में हुआ अध्ययन यह शोध दिल्ली AIIMS के जैव प्रौद्योगिकी विभाग के एडिशनल प्रोफेसर डॉ. भूपेंद्र वर्मा के नेतृत्व में किया गया। शोध दल में पीएचडी शोधार्थी दीक्षा माधरी, रिया रॉय और अरीबा अज़ीज़ शामिल हैं। अध्ययन 14 अक्टूबर 2026 को RNA जर्नल में प्रकाशित होने की जानकारी दी गई है। डेंगू वायरस को रोकने की नई रणनीति पर काम की संभावना शोध के निष्कर्ष डेंगू वायरस की वृद्धि से जुड़ी आणविक प्रक्रियाओं को समझने में महत्वपूर्ण हो सकते हैं। यदि वैज्ञानिक यह स्पष्ट कर पाते हैं कि कौन-से tRNA अंश वायरस को बढ़ने में मदद करते हैं और कौन-से उसे रोकते हैं, तो भविष्य में इन्हें लक्षित करने वाली एंटीवायरल रणनीतियां विकसित की जा सकती हैं। इलाज की दिशा में अहम कदम, लेकिन अभी और शोध जरूरी यह खोज डेंगू के संभावित उपचार पर आगे के अनुसंधान के लिए नई दिशा देती है। हालांकि, इन निष्कर्षों को प्रभावी और सुरक्षित उपचार में बदलने के लिए अतिरिक्त प्रयोगशाला अध्ययन और क्लिनिकल परीक्षणों की जरूरत होगी। फिलहाल इस शोध को डेंगू के इलाज की पुष्टि की गई नई विधि नहीं माना जाना चाहिए, बल्कि संभावित उपचार विकसित करने की दिशा में एक वैज्ञानिक प्रगति के रूप में देखना उचित है। Share This Article Post navigation निःशुल्क डायलिसिस : सुकमा जिला अस्पताल बना मरीजों का सहारा,