Share This Article रायपुर, 26 अक्टूबर 2026 / ETrendingIndia / हावड़ा जिले के बांकड़ा इलाके में डेंगू के तेजी से बढ़ते मामलों ने स्वास्थ्य प्रशासन की नींद उड़ा दी है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, क्षेत्र में डेंगू संक्रमितों की कुल संख्या 623 तक पहुंच गई है। चिंताजनक बात यह है कि 14 से 20 अक्टूबर के बीच महज एक सप्ताह के भीतर 27 नए मरीजों की पहचान की गई है, जिनमें से सबसे अधिक 19 मरीज बांकड़ा नंबर एक पंचायत क्षेत्र से सामने आए हैं। लगातार नए मामले मिलने से स्थानीय निवासियों में भारी दहशत व्याप्त है। स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, डेंगू से पीडि़त अधिकांश मरीजों को इलाज के लिए हावड़ा जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हालांकि, अस्पताल में भर्ती मरीजों की वर्तमान स्थिति और गंभीर मामलों को लेकर अभी विस्तृत आधिकारिक बुलेटिन जारी होना बाकी है। डेंगू के बढ़ते ग्राफ को देखते हुए जिला स्वास्थ्य विभाग और स्थानीय पंचायत प्रशासन ने रोकथाम के लिए युद्धस्तर पर कदम उठाने की बात कही है। मच्छरों के प्रजनन स्थलों पर वार: जमा पानी को हटाने, नालियों में कीटनाशक दवाओं के छिड़काव और फागिंग पर जोर दिया जा रहा है। विशेष निगरानी क्षेत्र: बांकड़ा नंबर एक पंचायत क्षेत्र में सबसे ज्यादा नए मरीज मिलने के कारण वहाँ स्वास्थ्य कर्मियों की विशेष टीमें तैनात की गई हैं। लोगों को घर-घर जाकर पानी जमा न होने देने और सफाई बनाए रखने की सलाह दी जा रही है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने सचेत किया है कि डेंगू का वाहक ‘एडीज मच्छरÓ साफ और स्थिर पानी में पनपता है। इसलिए बचाव ही इसका सबसे बड़ा उपाय है। उपाय के तहत बताया जा रहा है कि, गमलों, पुराने टायरों, कूलरों और खुले बर्तनों में पानी एकत्र न होने दें। टंकियों और पीने के पानी के बर्तनों को हमेशा ढककर रखें। तेज बुखार, सिरदर्द, आंखों के पीछे दर्द और मांसपेशियों या जोड़ों में खिंचाव होने पर तुरंत डॉक्टर से परामर्श लें। पेट में तेज दर्द, लगातार उल्टी या शरीर से खून आने जैसे गंभीर लक्षण दिखने पर तत्काल अस्पताल पहुंचें। बांकड़ा में एक ही सप्ताह में 27 नए मामले आना इस बात का संकेत है कि स्वास्थ्य विभाग, स्थानीय पंचायत और आम जनता को मिलकर साझा प्रयास करने होंगे। जब तक हर नागरिक सतर्कता नहीं बरतेगा, तब तक इस जानलेवा बीमारी के प्रसार पर अंकुश लगाना चुनौतीपूर्ण बना रहेगा। Share This Article Post navigation Kolkata Stampede Investigation : कोलकाता दुर्गा पूजा पंडाल हादसा, एसी सिस्टम में खामियां, आयोजकों की लापरवाही उजागर…