Share This Article रायपुर, 26 अक्टूबर 2026 / ETrendingIndia / छत्तीसगढ़ का धमतरी जिला प्रकृति, रोमांच और धार्मिक आस्था के संगम के रूप में पर्यटन के नए केंद्र के तौर पर उभर रहा है। जबर्रा के जंगलों में आयोजित दो दिवसीय नाइट ट्रेकिंग एवं कैंपिंग कार्यक्रम में तीन राज्यों के 11 शहरों से पहुंचे 46 प्रतिभागियों ने साहसिक गतिविधियों का आनंद लिया। इससे वनांचल पर्यटन को बढ़ावा मिलने के साथ स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए रास्ते खुलने की उम्मीद है। चांदनी रात में जंगलों का रोमांच यूथ हॉस्टल एसोसिएशन ऑफ इंडिया की धमतरी इकाई ने शरद पूर्णिमा पर यह आयोजन किया। विधायक ओंकार साहू ने अभियान को रवाना किया। रात्रिकालीन ट्रेकिंग, कैंपफायर, पक्षी दर्शन और तारों को निहारना प्रतिभागियों ने जंगलों में रात्रिकालीन ट्रेकिंग, कैंपफायर, पक्षी दर्शन और तारों को निहारने जैसी गतिविधियों में हिस्सा लिया। दूसरे दिन 15 किलोमीटर का ट्रैक्टर ट्रेल भी आकर्षण का केंद्र रहा। गंगरेल से सिहावा तक पर्यटन की संभावनाएं गंगरेल जलाशय में वाटर स्पोर्ट्स और कयाकिंग, जबर्रा में ट्रेकिंग-कैंपिंग तथा सिहावा के धार्मिक स्थलों को पर्यटन विकास की प्रमुख संभावनाओं के रूप में देखा जा रहा है। महानदी का उद्गम स्थल, कर्णेश्वर महादेव मंदिर और मां अंगारमोती मंदिर श्रद्धालुओं को आकर्षित करते हैं। स्थानीय लोगों को मिलेगा रोजगार पर्यटन विस्तार से होम-स्टे, गाइड सेवा, परिवहन, छत्तीसगढ़ी व्यंजन, हस्तशिल्प और वन उत्पादों के कारोबार को बढ़ावा मिल सकता है। महुआ, शहद और पारंपरिक उत्पादों की बिक्री से ग्रामीण महिलाओं व कारीगरों को भी लाभ मिलेगा। पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय भागीदारी से धमतरी की पर्यटन पहचान मजबूत हो सकती है। Share This Article Post navigation PM आवास योजना : कचना में 432, पुरैना में 84, डुमरतराई में 96 मकानों हेतु पात्र हितग्राहियों का क्रम निर्धारण …महापौर मीनल चौबे ने लाटरी पर्ची निकाली… छत्तीसगढ़ राज्योत्सव 2026 : हवाई करतब दिखाने रायपुर पहुँची सारंग हेलीकॉप्टर प्रदर्शन टीम…