रायपुर।, 06 नवंबर 2025/ ETrendingIndia / Jashpur district has seen remarkable progress in horticulture, agricultural diversification and increased farmer income/ जशपुर उद्यानिकी प्रगति , मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश में कृषि विविधीकरण और किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए उद्यानिकी क्षेत्र में अभूतपूर्व कार्य हुए हैं। पिछले 22 माह के दौरान जशपुर जिले में उद्यानिकी विभाग द्वारा विभिन्न योजनाओं के सफल क्रियान्वयन से फल, सब्जी, मसाला तथा संरक्षित खेती के क्षेत्रों में उल्लेखनीय विस्तार हुआ है।
जिले में कुल 1559 हेक्टेयर क्षेत्र की वृद्धि दर्ज की गई है, जिससे 2628 किसानों को प्रत्यक्ष लाभ मिला है। इन प्रयासों से न केवल किसानों की आर्थिक स्थिति सुदृढ़ हुई है, बल्कि जशपुर ने आत्मनिर्भर कृषि मॉडल की दिशा में एक ठोस और प्रेरणादायक कदम बढ़ाया है।

फल क्षेत्र विस्तार- राज्य पोषित एवं राष्ट्रीय बागवानी मिशन योजनांतर्गत विगत 22 माह में फल उत्पादन हेतु 550 हेक्टेयर क्षेत्र का विस्तार किया गया है। जिसमें आम 350 हेक्टयर में, नाशपाती 100 हेक्टयर में और लीची 100 हेक्टयर में उत्पादित किया जा रहा है। इससे 957 किसान लाभान्वित हुए हैं। इससे किसानों को दीर्घकालिक आय का स्थायी स्रोत प्राप्त हुआ है।
सब्जी क्षेत्र विस्तार- राज्य पोषित एवं राष्ट्रीय बागवानी मिशन योजनान्तर्गत विगत 22 माह में सब्जी उत्पादन हेतु 938 हेक्टेयर क्षेत्र का विस्तार हुआ है। इसमें टमाटर 130 हेक्टयर में, भिंडी 500 हेक्टयर में, लौकी 125 हेक्टयर में, करेला 50 हेक्टयर में और आलू 83 हेक्टयर में उत्पादित किया का रहा है। जिसका लाभ 1432 किसानों को मिला है। इससे इससे किसानों की ग्रामीण बाजारों में आर्थिक गतिविधियाँ भी बढ़ी हैं।

मसाला क्षेत्र विस्तार-राज्य पोषित एवं राष्ट्रीय बागवानी मिशन योजनान्तर्गत विगत 22 माह में मसाला उत्पादन के क्षेत्र में भी जिले में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। जिले में मसाला उत्पादन हेतु 71 हेक्टेयर क्षेत्र का विस्तार किया गया है। जिसमें धनिया 40 हेक्टयर में, अदरक 16 हेक्टयर में और हल्दी 15 हेक्टयर क्षेत्र में उत्पादित किया जा रहा है। इससे 164 किसान लाभान्वित हुए हैं। मसाला फसलों की बढ़ती मांग को देखते हुए यह किसानों के लिए आय का नया मार्ग बना है।

संरक्षित खेती-राष्ट्रीय बागवानी मिशन योजना के तहत जिले में संरक्षित खेती को भी प्रोत्साहन मिला है। शेडनेट हाउस में 10 हजार वर्गमीटर और प्लास्टिक मल्चिंग के माध्यम से कुल 70 हेक्टेयर क्षेत्र में उन्नत खेती की जा रही है, जिससे 75 किसानों को लाभ हुआ है। आधुनिक तकनीक से किसानों को वर्षभर उत्पादन और गुणवत्तापूर्ण उपज प्राप्त हो रही है।
