Share This Article अमेरिका और कुवैत ने क्षेत्रीय सुरक्षा चुनौतियों के बीच अपने रक्षा सहयोग को और मजबूत करने पर सहमति जताई है। दोनों देशों ने खास तौर पर समुद्री सुरक्षा, एकीकृत वायु एवं मिसाइल रक्षा और ड्रोन से बढ़ते खतरे से निपटने के लिए सैन्य सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया। पेंटागन में हुई अहम सैन्य बैठक 19-20 अगस्त को पेंटागन में अमेरिका-कुवैत संयुक्त सैन्य आयोग की 16वीं बैठक हुई। इसकी सह-अध्यक्षता अमेरिकी युद्ध विभाग के उप सहायक रक्षा मंत्री माइकल पी. डिमिनो चतुर्थ और कुवैत के चीफ ऑफ जनरल स्टाफ लेफ्टिनेंट जनरल खालिद अल-शरियान ने की। वायु और मिसाइल रक्षा पर खास फोकस बैठक में दोनों देशों ने क्षेत्रीय वायु एवं मिसाइल रक्षा व्यवस्था को और मजबूत तथा आपस में बेहतर तरीके से जोड़ने पर चर्चा की। साथ ही सैन्य बलों के बीच तालमेल बढ़ाने पर भी सहमति बनी। ड्रोन के बढ़ते खतरे से निपटने की तैयारी अमेरिका और कुवैत ने माना कि मानवरहित विमानों यानी ड्रोन के बढ़ते इस्तेमाल ने युद्ध के स्वरूप को बदल दिया है। इसलिए ड्रोन रोधी क्षमताओं और तकनीकी एकीकरण को मजबूत करना जरूरी है। समुद्री सुरक्षा भी बनेगी प्राथमिकता दोनों देशों ने समुद्री सुरक्षा में सहयोग बढ़ाने और साझा सुरक्षा खतरों से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सैन्य समन्वय मजबूत करने पर भी सहमति जताई। बैठक में कुवैत की रक्षा क्षमताओं को आधुनिक बनाने और अमेरिका से सैन्य उपकरणों की खरीद से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। मैरीलैंड नेशनल गार्ड के साथ भी साझेदारी बैठक के दौरान कुवैत को अमेरिकी स्टेट पार्टनरशिप प्रोग्राम में शामिल करने की घोषणा की गई। इसके तहत कुवैत की साझेदारी मैरीलैंड नेशनल गार्ड के साथ होगी, जिससे दोनों देशों के सैन्य प्रशिक्षण और सहयोग को और बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। Share This Article Post navigation माउंट फूजी पर 7 साल के बच्चे को अकेला छोड़ गया पिता…! पुलिस ने लगाई फटकार…