Share This Article रायपुर,15 जुलाई 2026/ ETrendingIndia / “Indian-origin scientist Anil Menon reaches space on an eight-month mission… Soyuz MS-29 departs for ISS” नासा के भारतीय मूल के अंतरिक्ष यात्री अनिल मेनन दो रूसी अंतरिक्ष यात्रियों के साथ सोयूज एमएस-29 अंतरिक्ष यान से कजाकिस्तान के बैकोनूर प्रक्षेपण केंद्र से अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) के लिए रवाना हुए। उनका यह मिशन लगभग आठ महीने का होगा। इस दौरान वे अंतरिक्ष में वैज्ञानिक प्रयोग, स्वास्थ्य संबंधी अध्ययन और नई तकनीकों का परीक्षण करेंगे। नासा का उद्देश्य अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा का लक्ष्य अंतरिक्ष में लंबे समय तक मानव मिशनों की तैयारी करना है। आईएसएस पर होने वाले शोध भविष्य में चंद्रमा और मंगल ग्रह पर मानव अभियान को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। नासा अपने आर्टेमिस कार्यक्रम के तहत चंद्रमा पर फिर से मानव भेजने और आगे मंगल मिशन की तैयारी कर रहा है। कौन हैं अनिल मेनन ? अनिल मेनन भारतीय मूल के अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री, चिकित्सक और इंजीनियर हैं। वे पहले स्पेसएक्स के फ्लाइट सर्जन भी रह चुके हैं। उन्हें 2021 में नासा के अंतरिक्ष यात्री दल में चुना गया था। अन्य अंतरिक्ष खबर हाल ही में नासा और उसके अंतरराष्ट्रीय साझेदारों ने आईएसएस पर कई नए वैज्ञानिक प्रयोग शुरू किए हैं। इनमें अंतरिक्ष में मानव स्वास्थ्य, पौधों की खेती और नई अंतरिक्ष तकनीकों पर शोध शामिल हैं, जिनसे भविष्य के लंबी अवधि के अंतरिक्ष अभियानों को नई दिशा मिलने की उम्मीद है। Share This Article Post navigation E20 पेट्रोल पर नितिन गडकरी का बड़ा बयान, बोले- सिर्फ ईंधन से तय नहीं होती माइलेज Sonam Wangchuk : शशि थरूर की सोनम वांगचुक से अपील…! कहा- अब अनशन खत्म करें