रायपुर / ETrendingIndia / BJP का आरोप—SIR प्रक्रिया से डर रही है तृणमूल सरकार
BJP ने पश्चिम बंगाल सरकार पर SIR विवाद आरोप लगाते हुए गंभीर सवाल उठाए। पार्टी प्रवक्ता गौरव भाटिया ने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण प्रक्रिया इसलिए जरूरी है क्योंकि इससे असली मतदाता पहचान में आते हैं। इसके अलावा, उन्होंने दावा किया कि ममता बनर्जी इस कारण चिंतित हैं क्योंकि TMC का वोट बैंक घुसपैठियों पर आधारित है। इसलिए, उनके अनुसार SIR अभ्यास सरकार को असहज कर रहा है।
12 राज्यों में संवैधानिक प्रक्रिया के तहत चल रहा SIR अभ्यास
भाटिया ने बताया कि यह विशेष पुनरीक्षण प्रक्रिया 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में चल रही है। इसलिए यह एक नियमित और संवैधानिक गतिविधि है। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी सरकार का लक्ष्य स्पष्ट है—सरकार चुनने का अधिकार केवल भारतीय नागरिकों के पास होना चाहिए। इस कारण SIR प्रक्रिया पारदर्शिता और मतदाता शुद्धिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
DMK नेता उदयनिधि स्टालिन को लेकर भी निशाना
इसके बाद BJP ने DMK नेता और तमिलनाडु के उपमुख्यमंत्री उदयनिधि स्टालिन पर भी हमला बोला। भाटिया ने कहा कि स्टालिन ने संस्कृत भाषा पर टिप्पणी कर भारतीय परंपरा का अपमान किया है। उन्होंने कहा कि संस्कृत हमारे प्राचीन ग्रंथों की आधारभूत भाषा है। लेकिन, उनके अनुसार स्टालिन विभाजनकारी राजनीति कर रहे हैं, जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विकास और एकता की राजनीति का प्रतीक बन चुके हैं।
SIR विवाद आरोप पर बढ़ी राजनीतिक गर्मी
अंत में, BJP के इन आरोपों के बाद SIR विवाद और बढ़ गया है। विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच शब्दों का टकराव जारी है। कुल मिलाकर, SIR प्रक्रिया को लेकर राजनीतिक बहस तेज होती दिख रही है और आने वाले दिनों में यह मामला और भी गरमा सकता है।
