रायपुर 31 जनवरी 2026/ ETrendingIndia / धीरेंद्र शास्त्री हिंदू राष्ट्र बयान , कथावाचक धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने हिंदू राष्ट्र को लेकर दिए गए अपने बयान से एक बार फिर चर्चा में हैं। हालिया कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि मुसलमानों को गालियां देकर या नफरत फैलाकर भारत को ‘हिंदू राष्ट्र’ नहीं बनाया जा सकता। इसके लिए समाज के भीतर आत्ममंथन और सुधार जरूरी है।
धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि यदि हिंदू समाज को मजबूत बनाना है तो सबसे पहले अपनी कमियों को दूर करना होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि जाति-पाति, ऊंच-नीच और आपसी भेदभाव खत्म किए बिना कोई भी बड़ा लक्ष्य हासिल नहीं किया जा सकता। उन्होंने हिंदुओं से आपस में एकता बनाए रखने और भाईचारे को बढ़ावा देने की अपील की।
धीरेंद्र शास्त्री ने यह भी कहा कि सनातन धर्म की असली ताकत उसकी एकता और संस्कारों में है। जब तक हिंदू समाज भीतर से संगठित नहीं होगा, तब तक हिंदू राष्ट्र की परिकल्पना अधूरी रहेगी। उन्होंने कहा कि सभी हिंदुओं को
“जात-पात की करो विदाई, हम सब हिंदू भाई-भाई”
के संदेश को अपनाना चाहिए। उनके इस बयान को कुछ लोग सामाजिक सुधार की दिशा में सकारात्मक कदम बता रहे हैं, जबकि कुछ वर्गों में इस पर बहस भी छिड़ी है।
