A new era of tourism in IndiaA new era of tourism in India
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रायपुर / 26 सितंबर 2026 / ETrendingIndia / विश्व पर्यटन दिवस 27 सितंबर को इस वर्ष “डिजिटल एजेंडा और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से पर्यटन को नया रूप देना” थीम के साथ मनाया जाएगा।

भारत में पर्यटन अब केवल घूमने-फिरने तक सीमित नहीं है, बल्कि रोजगार, आर्थिक विकास, स्थानीय आजीविका और डिजिटल नवाचार का बड़ा माध्यम बन रहा है।

2023-24 में पर्यटन क्षेत्र ने देश की GDP में 5.22% योगदान दिया और 8.46 करोड़ रोजगार को समर्थन दिया।

2025 में पर्यटन ने बनाया नया रिकॉर्ड

भारत में घरेलू पर्यटकों की संख्या 2021 के 67.7 करोड़ से बढ़कर 2025 में 428.55 करोड़ हो गई। इसी अवधि में विदेशी पर्यटक संख्या 0.1 करोड़ से बढ़कर 2.53 करोड़ हुई।

पर्यटन से विदेशी मुद्रा आय भी 2021 के ₹63,978 करोड़ से बढ़कर 2025 में ₹2,76,831 करोड़ पहुंच गई।

AI से स्मार्ट और व्यक्तिगत होगी यात्रा

भारत पर्यटन क्षेत्र में डिजिटल तकनीक और AI का इस्तेमाल बढ़ा रहा है। इनक्रेडिबल इंडिया डिजिटल प्लेटफॉर्म पर पर्यटन स्थलों, संस्कृति, खान-पान, एडवेंचर और विरासत की जानकारी के साथ AI आधारित यात्रा सेवाएं उपलब्ध हैं।

यात्री मौसम, शहर भ्रमण और यात्रा सुविधाओं की जानकारी हासिल करने के साथ फ्लाइट, होटल, कैब और बस जैसी सेवाओं से भी जुड़ सकते हैं।

ई-वीजा से आसान हुई विदेशी यात्रियों की एंट्री

2014 में 43 देशों से शुरू हुई ई-वीजा सुविधा अब 172 देशों के नागरिकों के लिए उपलब्ध है। करीब 78% वीजा इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से जारी किए जा रहे हैं और लगभग 95% ई-वीजा आवेदन 72 घंटे के भीतर प्रोसेस किए जाते हैं।

NIDHI+ और डिजिटल पर्यटन इकोसिस्टम

NIDHI+ पर्यटन सेवाओं के पंजीकरण और मान्यता के लिए एकीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म है। 23 सितंबर 2026 तक इसमें 63,740 आवास इकाइयां, 1,450 ऑनलाइन ट्रैवल एग्रीगेटर और 15,531 पर्यटन सेवा प्रदाता सूचीबद्ध थे।

नई डिजिटल पहल होंगी लॉन्च

विश्व पर्यटन दिवस पर भारत मंडपम, नई दिल्ली में केंद्रीय समारोह के दौरान नेशनल डिजिटल टूरिज्म स्टैक और देखो अपना देश 2.0 लॉन्च किए जाएंगे।

इनका उद्देश्य पर्यटन सेवाओं को अधिक सुलभ बनाना और कम प्रसिद्ध पर्यटन स्थलों को बढ़ावा देना है।

स्वदेश दर्शन और प्रसाद से बढ़ रहा पर्यटन ढांचा

स्वदेश दर्शन के तहत 15 थीम आधारित पर्यटन सर्किटों में ₹5,295.24 करोड़ से अधिक की 76 परियोजनाएं मंजूर हुईं, जिनमें 75 पूरी हो चुकी हैं।

वहीं स्वदेश दर्शन 2.0 के तहत ₹2,207.08 करोड़ की 53 परियोजनाएं स्वीकृत हैं।

PRASHAD योजना में ₹1,726.74 करोड़ की 54 परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है।

क्रूज, ग्रामीण और इको-टूरिज्म पर जोर

भारत में समुद्री क्रूज यात्रियों की संख्या 2014-15 के 1.08 लाख से बढ़कर 2025-26 में 4.62 लाख हो गई। इसके अलावा होमस्टे, ग्रामीण पर्यटन, वन्यजीव, वेलनेस, आध्यात्मिक और अनुभव आधारित पर्यटन को भी बढ़ावा दिया जा रहा है।

पर्यटन में कौशल और रोजगार

पर्यटन मंत्रालय के क्षमता निर्माण कार्यक्रम के तहत 2020-21 से 2024-25 के बीच 1.68 लाख से अधिक लोगों को प्रशिक्षण मिला और 36 हजार से ज्यादा लोगों को रोजगार मिला।

पर्यटन मित्र/पर्यटन दीदी पहल

के तहत भी करीब 4,382 लोगों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है।
विश्व पर्यटन दिवस 2026 का संदेश साफ है—भारत में पर्यटन का अगला चरण डिजिटल तकनीक, AI, बेहतर कनेक्टिविटी, स्थानीय समुदायों की भागीदारी और टिकाऊ विकास के साथ आगे बढ़ रहा है।


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