the Gorkha issuethe Gorkha issue
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रायपुर, 23 अगस्त 2026/ ETrendingIndia / दार्जिलिंग की पहाडिय़ों और गोरखा समुदाय के लंबे समय से लंबित मुद्दों को हल करने की दिशा में केंद्र सरकार ने एक बड़ा और ऐतिहासिक कदम उठाया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के उत्तर बंगाल दौरे के तीसरे और अंतिम दिन सिलीगुड़ी की तलहटी में स्थित सुकना में एक उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई।

बैठक में हुई सहमति के आधार पर केंद्र सरकार ने गोरखा मुद्दे के स्थायी राजनीतिक समाधान हेतु अंतिम समझौते का मसौदा तैयार करने के लिए एक विशेष समिति का गठन कर दिया है। दार्जिलिंग के भाजपा सांसद राजू बिस्टा ने बैठक के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए जानकारी दी कि गृह मंत्रालय ने वरिष्ठ मध्यस्थ पंकज कुमार सिंह के नेतृत्व में इस समिति का गठन किया है। यह समिति सुकना बैठक में सभी पक्षों के बीच बनी सहमति के बिंदुओं के आधार पर एक लिखित और कानूनी मसौदा तैयार करेगी।उल्लेखनीय है कि यह महत्वपूर्ण बैठक 1988 के ऐतिहासिक गोरखा समझौते की वर्षगांठ के दिन ही संपन्न हुई, जिससे इस पहल का राजनीतिक और सामाजिक महत्व और बढ़ गया है।
संवैधानिक दायरा: समिति का मुख्य उद्देश्य भारत के संविधान के दायरे में रहते हुए दार्जिलिंग, कालिम्पोंग और आसपास के पहाड़ी क्षेत्रों के लिए स्थायी राजनीतिक समाधान तलाशना है।

सुकना के एक निजी होटल में आयोजित इस मैराथन बैठक में गोरखा समुदाय के विभिन्न वर्गों, राजनीतिक दलों और राज्य सरकार का प्रतिनिधित्व देखा गया। केद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी, राज्य सरकार के वरिष्ठ मंत्री और शीर्ष प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।

पहाड़ी नेतृत्व: गोरखा जनमुक्ति मोर्चा के संस्थापक बिमल गुरुंग, पार्टी के वरिष्ठ नेता रोशन गिरी, गोरखा नेशनल लिबरेशन फ्रंट के अध्यक्ष मान घिसिंग, पहाड़ी इलाकों के भाजपा विधायक तथा विभिन्न सामाजिक-सांस्कृतिक संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित थे। बैठक के दौरान सभी गोरखा नेताओं और हितधारकों ने अपने-अपने समुदायों की चिंताओं, भूमि अधिकारों, पहचान और विकास से जुड़ी मांगों को गृह मंत्री के समक्ष खुलकर रखा।

सांसद राजू बिस्टा ने कहा कि चुनाव से पूर्व भाजपा ने दार्जिलिंग और पहाड़ी क्षेत्र के लोगों से जो वादा किया था, यह कदम उसी प्रतिबद्धता का परिणाम है। उन्होंने विश्वास जताया कि इस समिति के गठन से दार्जिलिंग में स्थायी शांति, सुरक्षा और तीव्र विकास का नया अध्याय शुरू होगा।


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