रायपुर 28 जनवरी 2026/ ETrendingIndia / भारत‑रूस सु‑57 सहयोग पर तकनीकी चर्चा
भारत और रूस सु‑57 फाइटर जेट के संयुक्त उत्पादन को लेकर तकनीकी चर्चा कर रहे हैं। यह 5वीं पीढ़ी का जेट है और दोनों देशों की वायु सेना सहयोग को नई दिशा दे सकता है।
रूस के अधिकारी का बयान
रूस की यूनाइटेड एयरक्राफ्ट कॉर्पोरेशन (UAC) के सीईओ वादीम बडेखा ने कहा कि “आज हम इस अनुबंध पर तकनीकी वार्ता के उन्नत चरण में हैं। ऐसे समझौते हमारी सहयोग की दिशा को कई दशकों तक निर्धारित करते हैं।”
भारत की प्रतिक्रिया नहीं आई
रूस के इस दावे पर भारत की तरफ से अभी कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है। दोनों पक्षों के बीच चल रही चर्चा तकनीकी स्तर पर है और अभी किसी औपचारिक अनुबंध पर निर्णय नहीं हुआ है।
Wings India 2026 में चर्चा
यह जानकारी हैदराबाद के बेगमपेट एयरपोर्ट में आयोजित Wings India एयर शो 2026 के दौरान दी गई। इस कार्यक्रम में रक्षा और एयरोस्पेस क्षेत्र के विशेषज्ञ और अधिकारी शामिल हुए।
संयुक्त उत्पादन के प्रभाव
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि यह समझौता होता है, तो यह भारत‑रूस रक्षा संबंधों को कई दशकों तक मजबूत करेगा और भारत की घरेलू एयरोस्पेस क्षमता में भी वृद्धि करेगा।
