रायपुर, 8 जुलाई 2026/ ETrendingIndia / “Indonesia’s One Thousand-Year-Old Shiva Temple… India to Cooperate in Conservation” प्रधानमंत्री Narendra Modi ने घोषणा की है कि भारत इंडोनेशिया में स्थित एक हजार वर्ष से अधिक पुराने ऐतिहासिक शिव मंदिर परिसर के संरक्षण और पुनर्जीवन में सहयोग करेगा।
उन्होंने कहा कि यह मंदिर भारत और इंडोनेशिया के बीच सदियों पुराने सांस्कृतिक और सभ्यतागत संबंधों का महत्वपूर्ण प्रतीक है।
प्रधानमंत्री ने बताया कि इस संरक्षण परियोजना का औपचारिक शुभारंभ किया जाएगा। यह पहल भारत की ‘एक्ट ईस्ट पॉलिसी’ और सांस्कृतिक कूटनीति को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
भारत का उद्देश्य दक्षिण-पूर्व एशिया के देशों के साथ सांस्कृतिक, ऐतिहासिक और पर्यटन संबंधों को और सशक्त बनाना है।
पीआईबी के अनुसार, भारत और इंडोनेशिया के बीच प्राचीन काल से धार्मिक, व्यापारिक और सांस्कृतिक संबंध रहे हैं। इंडोनेशिया में कई प्राचीन हिंदू और बौद्ध स्मारक आज भी दोनों देशों की साझा विरासत की गवाही देते हैं।
इन धरोहरों के संरक्षण में भारत की विशेषज्ञता और सहयोग से ऐतिहासिक महत्व वाले स्थलों के संरक्षण को नई गति मिलेगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस परियोजना से दोनों देशों के सांस्कृतिक संबंध और मजबूत होंगे, साथ ही पर्यटन, शोध और विरासत संरक्षण के क्षेत्र में भी सहयोग बढ़ेगा। यह पहल भारत की वैश्विक सांस्कृतिक विरासत संरक्षण में बढ़ती भूमिका को भी दर्शाती है।
