Share This Article रायपुर 9 मई 2026/ ETrendingIndia / Bastar with Kudaj flower… , कुड़ज फूल बस्तर , बस्तरवासी इस औषधीय वृक्ष को कुड़ई कहते हैं। इसके बीज को “इंद्रजौ” के नाम से जाना जाता हैं, जो एक महंगी वनौषधि है। इन दिनों बस्तर के जंगलों में कुड़ज के फूल खिले हुए हैं। इन दिनों बस्तर में आकस्मिक बारिश हो रही है, जैसे ही वर्षा की बूंदे इन पर गिरती है। पूरा जंगल कुड़ज फूल की खुशबू से महक उठता है। यह माना जाता है कुड़ज फूल का उल्लेख कालिदास की “शकुंतला” में भी वर्णित है।वनबाला कुड़ज के फूल को ही अपनी वेणी में सजाती थी। Share This Article Post navigation वर्षों से परेशान नीतू मार्को अब मुस्कुराई : दीमक से नष्ट हुई किसान किताब की सुशासन तिहार में मिली नई प्रति तंबाकू के अवैध सेवन और मादक द्रव्यों के दुरुपयोग पर अंकुश : भाटागांव में कोटपा के तहत सघन जांच