रायपुर 8 अप्रैल 2026/ ETrendingIndia / Madhya Pradesh Cabinet decision:
Financial Training and Research Institute (FTRI) will be set up, Rs 3,174 crore for procurement of gram and lentils, Rs 16,720 crore for public welfare schemes, Rs 590 crore for land acquisition for expansion of government airstrip in Ujjain / मध्यप्रदेश कैबिनेट फैसले , मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक मंगलवार को मंत्रालय में सम्पन्न हुई।
कैबिनेट ने विभिन्न विकास कार्यों और महत्वपूर्ण योजनाओं के लिए कुल 16,720 करोड़ रुपये की स्वीकृति प्रदान की है।
बैठक में लिये गये निर्णयानुसार ,भोपाल में एक अत्याधुनिक ‘वित्तीय प्रशिक्षण एवं शोध संस्थान’ (FTRI)की स्थापना की जाएगी, जिससे सरकारी कामकाज में पारदर्शिता और वित्तीय अनुशासन सुनिश्चित होगा।
किसानों के हित में आगामी 3 वर्षों के लिए चना एवं मसूर के उपार्जन के लिये 3,174 करोड़ रुपये और मंदसौर की कातना सूक्ष्म सिंचाई परियोजना को मंजूरी दी गई।
शिक्षा क्षेत्र को मजबूती देते हुए आर.टी.ई. के तहत फीस प्रतिपूर्ति, पीएमश्री स्कूल योजना के विस्तार और कक्षा 9वीं से 12वीं तक के छात्रों को मुफ्त पुस्तकों के लिए वित्तीय स्वीकृति दी गयी।
साथ ही, उज्जैन हवाई पट्टी को एयरबस विमानों के अनुकूल विकसित करने और दिल्ली में पढ़ रहे अनुसूचित जाति के छात्रों को 10 हजार रुपये मासिक सहायता देने जैसे दूरगामी फैसले भी लिए गए हैं।
कातना सूक्ष्म सिंचाई परियोजना के लिए 88.41 करोड़ की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा मंदसौर जिले की कातना सूक्ष्म सिंचाई परियोजना लागत राशि 88.41 करोड़ रूपये की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान किये जाने का निर्णय लिया गया। परियोजना से मंदसौर जिले की भानपुरा तहसील के 12 ग्रामों में 3500 हैक्टेयर में सिंचाई सुविधा का लाभ होगा।
वित्तीय प्रशिक्षण एवं शोध संस्थान (FTRI) की स्थापना
मंत्रि-परिषद द्वारा निर्णय लिया गया कि वित्तीय प्रशासन एवं प्रबंधन से संबंधित सभी स्तरों के कार्मिकों को केंद्रीकृत एवं मानकीकृत प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए वित्तीय प्रशिक्षण एवं शोध संस्थान (FTRI) की स्थापना, आर.सी.वी.पी. नरोन्हा प्रशासनिक एवं प्रबंधन अकादमी, भोपाल के परिसर में की जाएगी।
इससे विभागीय कार्यकुशलता, वित्तीय अनुशासन तथा पारदर्शिता में गुणात्मक सुधार सुनिश्चित किया जा सके।
प्रदेश में वर्तमान में संचालित 7 लेखा प्रशिक्षण शालाओं का चरणबद्ध एकीकरण कर राज्य स्तरीय एकीकृत प्रशिक्षण व्यवस्था स्थापित की जायेगी।
वाणिज्यिक कर विभाग के लिए 2952 करोड़ रूपये का अनुमोदन
मंत्रि-परिषद द्वारा वाणिज्यिक कर विभाग के अंतर्गत 8 योजनाओं की 2030-2031 तक निरन्तरता और लगभग 2,952 करोड़ रूपये का अनुमोदन दिया गया है।
इसमें मध्यप्रदेश नगरीय अधोसंरचना विकास निधि का 2026-2027 से 2030-2031 तक निरन्तरता और 1,317 करोड़ 62 लाख रूपये का अनुमोदन किया गया है।
वन क्षेत्र में पुनरुत्पादन, पुनर्स्थापना एवं संरक्षण के लिए 5,215 करोड़ रुपए की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा वन क्षेत्रो में पुनरुत्पादन, पुनर्स्थापना एवं संरक्षण कार्यवृत्तों में उपचार कार्य के लिए 05 वर्षो के लिए 5,215 करोड़ रूपये की स्वीकृति दी गई है।
चना एवं मसूर उपार्जन के लिए 3,174 करोड़ रूपये की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा चना एवं मसूर के उपार्जन के लिए उपार्जन लागत राशि 7,050 करोड़ की 15 प्रतिशत कार्यशील पूँजी ऋण प्राप्त किये जाने के लिए 3,174 करोड़ रूपये की स्वीकृति दी गई है।
मध्यप्रदेश राज्य सहकारी विपणन संघ भोपाल द्वारा उपार्जन किया जाएगा। भारत सरकार की प्राइस सपोर्ट स्कीम के अंतर्गत चना के कुल उत्पादन का 25 प्रतिशत और मसूर के कुल उत्पादन का 100 प्रतिशत उपार्जन किया जायेगा।
चना एवं मसूर के उपार्जन में मंडी शुल्क में छूट प्रदान की जायेगी।
आर.टी.ई. के तहत 3,039 करोड़ रूपये की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा शिक्षा का अधिकार अधिनियम अनुसार गैर अनुदान प्राप्त अशासकीय स्कूलों में कक्षा 1 से 8 तक के बच्चों को निःशुल्क और अनिवार्य प्राथमिक शिक्षा उपलब्ध कराने के लिये फीस प्रतिपूर्ति योजना अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2026-27 से वित्तीय वर्ष 2030-31 तक की निरंतरता के लिए राशि 3,039 करोड़ रूपये की स्वीकृति प्रदान की गयी है।
निःशुल्क पुस्तकें प्रदाय करने 693 करोड़ की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा प्रदेश के सभी हाई स्कूल एवं हायर सेकण्डरी स्कूलों में अध्ययरत छात्र छात्राओं के लिए निःशुल्क पाठ्य पुस्तकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए योजनान्तर्गत 2026-27 से 2030-31 तक 5 वर्ष के लिए प्रतिवर्ष 5 प्रतिशत मूल्य वृद्धि तथा नामांकन में वृद्धि के मान से लाभान्वित होने वाले छात्रों की संख्या के आधार पर 693 करोड़ रूपये की स्वीकृति प्रदान की गयी ।
अध्ययनरत् छात्र छात्राओं को पाठ्य पुस्तक निगम से पुस्तकें मुद्रित कराकर निःशुल्क उपलब्ध कराई जाती है।
पीएमश्री स्कूल योजना के लिए 940 करोड़ रूपये की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा पीएमश्री स्कूल योजना के वर्ष 2031 तक विस्तार के लिए राज्यांश 940 करोड़ रूपये की स्वीकृति प्रदान की गयी ।
पीएमश्री स्कूल का उद्देश्य चयनित विद्यालयों को 5 वर्षों की अवधि में राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 अनुरूप अनुकरणीय विद्यालयों (Exemplar Schools) के रूप में विकसित करना है।
अनुसूचित जाति वर्ग के विद्यार्थियों को छात्रगृह योजना में प्रतिमाह 10 हजार रूपये प्रदाय किए जाने की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद द्वारा दिल्ली में उच्च शिक्षण संस्थानों में अध्ययनरत मध्यप्रदेश के अनुसूचित जाति वर्ग के विद्यार्थियों के लिए छात्रगृह योजना में जनजातीय कार्य विभाग की भांति प्रति विद्यार्थी प्रतिमाह 10 हजार रूपये के भुगतान की स्वीकृति प्रदान की गई है।
योजनांतर्गत प्रति वर्ष 100 नवीन विद्यार्थियों एवं पूर्व से अध्ययनरत विद्यार्थियों सहित प्रवेश दिया जाकर लाभांवित किया जाएगा।
इसमें 50 नवीन स्नातक, 50 नवीन स्नातकोत्तर और 50 पूर्व से अध्ययनरत विद्यार्थियों के लिए एक वर्ष के मान से 1.80 करोड़ रूपये स्वीकृत किए गए है।
उज्जैन में शासकीय हवाई पट्टी में भूमि अधिग्रहण के लिए 590 करोड़ रूपये की स्वीकृति
भारत सरकार की RCS-UDAN योजना के तहत उज्जैन स्थित शासकीय हवाई पट्टी को बोइंग 320 एयरबस विमानों के संचालन के लिये विकास/विस्तार करने के लिये राज्य सरकार एवं भाविप्रा के मध्य आवश्यक अनुबंध एवं MOU निष्पादित हो चुका है। इसके लिए कुल 437.5 एकड़ भूमि अधिग्रहित करने और राशि 590 करोड़ रूपये की स्वीकृति दी गई है।
