रायपुर, 23 दिसंबर 2025/ ETrendingIndia / मनरेगा कुआं किसान , मनरेगा में बना कुआं : बदली किसान की किस्मत, आय बढ़ी, पक्के घर का सपना हुआ पूरा /
सरकारी योजनाएं जब ज़मीन पर उतरती हैं, तो वे केवल सहायता नहीं देतीं, बल्कि जीवन की दिशा बदल देती हैं। ऐसा ही प्रेरक उदाहरण बीजापुर जिले के विकासखंड भोपालपटनम की ग्राम पंचायत दम्पाया में देखने को मिला, जहां मनरेगा के तहत बने एक कुएं ने एक किसान परिवार को आत्मनिर्भरता की राह पर आगे बढ़ा दिया।
ग्राम दम्पाया के निवासी श्री वड्डे नागैया के पास लगभग डेढ़ एकड़ कृषि भूमि है। सीमित सिंचाई साधनों के कारण खेती से उन्हें पहले अपेक्षित लाभ नहीं मिल पाता था। वित्तीय वर्ष 2023–24 में मनरेगा योजना के अंतर्गत उनके खेत में 2 लाख 10 हजार रुपये की लागत से कुएं का निर्माण कराया गया। यह कुआं उनके लिए विकास का मजबूत आधार साबित हुआ।
कुएं से नियमित सिंचाई की सुविधा मिलने के बाद श्री नागैया ने धान की खेती के साथ-साथ सब्जी उत्पादन भी शुरू किया। इससे उन्हें करीब 10 हजार रुपये की अतिरिक्त आमदनी हुई। इतना ही नहीं, कुएं के पानी का उपयोग कर उन्होंने लगभग 50 हजार ईंटों का निर्माण किया। इनमें से 20 हजार ईंटें बेचकर उन्होंने करीब 40 हजार रुपये की आय अर्जित की।
इन ईंटों का उपयोग उनके पिता श्री वड्डे एल्ला के नाम से प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत स्वीकृत पक्के मकान के निर्माण में किया जा रहा है। इस तरह मनरेगा से बना कुआं न केवल आय बढ़ाने का साधन बना, बल्कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मजबूत घर के सपने को भी साकार करने में सहायक सिद्ध हुआ।
