रायपुर 21दिसंबर 2025/ ETrendingIndia / मुंबई में वर्ल्ड-क्लास मरीना का विकास
केंद्र सरकार ने मुंबई हार्बर में ₹887 करोड़ की वर्ल्ड-क्लास मरीना परियोजना को मंजूरी दी है। इसका उद्देश्य नौकायन पर्यटन और वॉटरफ्रंट आधारित शहरी विकास को बढ़ावा देना है। ‘विकसित भारत मुंबई मरीना’ परियोजना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण के अनुरूप विकसित की जाएगी।
परियोजना की विशेषताएँ और निवेश संरचना
परियोजना लगभग 12 हेक्टेयर क्षेत्र में विकसित होगी और इसमें 30 मीटर तक लंबाई वाली 424 यॉट्स को बर्थ देने की क्षमता होगी। मुंबई पोर्ट अथॉरिटी लगभग ₹470 करोड़ निवेश करेगी और निजी ऑपरेटर ₹417 करोड़ की ऑनशोर सुविधाएं विकसित करेगा। इस निवेश मॉडल से सुरक्षित और आधुनिक मरीना इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार होगा।
पर्यटन, रोजगार और आर्थिक लाभ
सार्बानंद सोनवाल ने कहा कि यह परियोजना समुद्री पर्यटन को मजबूत करेगी, निजी निवेश को आकर्षित करेगी और 2,000 से अधिक रोजगार सृजित करेगी। इसके अलावा, मुंबई का वॉटरफ्रंट जनता के लिए खुला होगा और शहर को वैश्विक नौकायन पर्यटन केंद्र के रूप में स्थापित किया जाएगा।
ऑनशोर और मरीन सुविधाएँ
मरीन इन्फ्रास्ट्रक्चर में एप्रोच ट्रेसल, ब्रेकवॉटर, सर्विस प्लेटफॉर्म और गेंगवे शामिल होंगे। निजी ऑपरेटर द्वारा विकसित सुविधाओं में मरीना टर्मिनल, नौकायन स्कूल, होटल, क्लबहाउस, स्किल डेवलपमेंट सेंटर और यॉट रिपेयर इंफ्रास्ट्रक्चर शामिल हैं।
निष्कर्षतः
कुल मिलाकर, मुंबई वर्ल्ड-क्लास मरीना परियोजना न केवल पर्यटन और नौकायन के अवसर बढ़ाएगी, बल्कि मुंबई को वैश्विक समुद्री पर्यटन मानचित्र पर स्थापित करेगी और ब्लू इकोनॉमी को सशक्त करेगी।
