रायपुर 2 फरवरी 2026 / ETrendingIndia / राष्ट्रीय प्रवासन सर्वेक्षण का उद्देश्य
नई दिल्ली, 2 फरवरी 2026/ राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) जुलाई 2026 से जून 2027 तक पूरे देश में राष्ट्रीय प्रवासन सर्वेक्षण आयोजित करेगा। इसका उद्देश्य भारत में प्रवासन के पैटर्न और प्रवृत्तियों का विस्तृत और अद्यतन डेटा तैयार करना है।
सर्वेक्षण में क्या-क्या जानकारी जुटाई जाएगी
सर्वे में ग्रामीण-शहरी और अंतर-राज्यीय प्रवासन, प्रवासन के कारण, लौटने और मौसमी प्रवासन के पैटर्न और प्रवासियों की रोजगार प्रोफाइल शामिल होगी। इसके अलावा, डेटा नीति निर्माताओं, योजनाकारों और शोधकर्ताओं को लक्षित हस्तक्षेपों के लिए मार्गदर्शन देगा।
पिछले सर्वेक्षण और प्रवासन के आंकड़े
MoSPI द्वारा पिछली बार Periodic Labour Force Survey (PLFS) 2020-21 और Multiple Indicator Survey 2020-21 में प्रवासन संबंधी डेटा एकत्रित किया गया था। PLFS 2020-21 के अनुसार, भारत में कुल प्रवासन दर 28.9% थी। इसमें पुरुषों में प्रवासन दर 10.7% और महिलाओं में 47.9% थी।
प्रवासन में लिंग आधारित अंतर
महिलाओं में विवाह मुख्य कारण था, जो लगभग 86.8% प्रवासियों को प्रभावित करता है। जबकि पुरुषों में रोजगार या बेहतर अवसर के लिए प्रवासन 22.8% था। इस प्रकार, प्रवासन की प्रकृति लिंग-विशेष है, जहां महिलाओं का प्रवासन सामाजिक कारणों से और पुरुषों का रोजगार के कारण प्रभावित है।
