रायपुर 5 फरवरी 2026/ ETrendingIndia / India’s first cooperative-based taxi service has been launched./ सहकारिता आधारित भारत टैक्सी , केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने नई दिल्ली में भारत की पहली सहकारिता-आधारित टैक्सी सेवा ‘भारत टैक्सी’ का औपचारिक शुभारंभ किया। इस अवसर पर देशभर से आए 1,200 से अधिक टैक्सी चालक, जिन्हें ‘सारथी’ कहा जाता है, कार्यक्रम में शामिल हुए।
सारथी ही हैं असली मालिक
श्री अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सहकारिता मंत्रालय असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को मालिकाना हक देने का मॉडल तैयार कर रहा है। ‘भारत टैक्सी’ में केवल 500 रुपये की शेयर पूंजी देकर हर सारथी इस सेवा का वास्तविक मालिक बनता है। इसमें किसी बाहरी कंपनी का नियंत्रण नहीं है।
बिना कमीशन, पूरी कमाई सारथी के नाम
भारत टैक्सी में ड्राइवरों की कमाई से कोई कमीशन नहीं काटा जाएगा। यात्रियों द्वारा किया गया भुगतान सीधे सारथी के खाते में जाएगा। यह मॉडल ड्राइवरों की आय, आत्मसम्मान और आर्थिक सुरक्षा को मजबूत करेगा।
महिलाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता
भारत टैक्सी में महिलाओं के लिए ‘सारथी दीदी’ का विशेष विकल्प रखा गया है, जिससे महिला यात्री केवल महिला चालक को ही बुक कर सकेंगी। यह सेवा महिलाओं को सुरक्षित, सस्ती और सम्मानजनक यात्रा का विकल्प देगी।
सहकारी मॉडल से सर्वांगीण विकास
भारत टैक्सी का उद्देश्य कंपनी का मुनाफा बढ़ाना नहीं, बल्कि सारथियों की आय और भविष्य सुरक्षित करना है। इसके चार मूल मंत्र हैं—स्वामित्व, सुरक्षा, सम्मान और सबकी प्रगति।
तेज़ी से बढ़ता भारत टैक्सी परिवार
महज 8 महीनों में दिल्ली- एनसीआर और गुजरात में 2.5 लाख से अधिक सारथी और 8.5 लाख यात्री भारत टैक्सी से जुड़ चुके हैं। कई सरकारी व निजी संस्थानों के साथ समझौते भी किए गए हैं.
