रायपुर 12 मार्च 2026/ ETrendingIndia / Increased awareness from social consciousness centres: confidence in neoliterates / सामाजिक चेतना केंद्र जागरूकता , मध्यप्रदेश के सीहोर जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में चल रहे सामाजिक चेतना केंद्र लोगों में शिक्षा और जागरूकता की नई रोशनी फैला रहे हैं। इन केंद्रों के सकारात्मक परिणाम अब स्पष्ट रूप से दिखाई देने लगे हैं।
हाल ही में दिल्ली से आई एनसीईआरटी की टीम ने विकासखंड सीहोर के ग्राम पाटन और झरखेड़ा में संचालित सामाजिक चेतना केंद्रों का निरीक्षण किया।
इस दौरान परामर्शदाता ज्योति तिवारी, राज्य शिक्षा केंद्र के नियंत्रक डॉ. राजेश दुबे और सहायक नियंत्रक उर्वशी राज ने केंद्रों में चल रही गतिविधियों का अवलोकन किया।
नवसाक्षरों से की बातचीत
निरीक्षण के दौरान टीम ने अक्षर साथियों और अध्ययन कर रहे नवसाक्षरों से चर्चा की। नवसाक्षरों ने बताया कि इन केंद्रों की मदद से वे पढ़ना-लिखना सीख रहे हैं और अब दैनिक जीवन के कार्य अधिक आत्मविश्वास के साथ कर पा रहे हैं।
अक्षर साथियों के प्रयासों की सराहना
टीम ने सामाजिक चेतना केंद्रों में कार्य कर रहे अक्षर साथियों के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि इनके समर्पित कार्य से ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा का विस्तार हो रहा है।
प्रशासन के मार्गदर्शन में हो रहा संचालन
सीहोर जिले में सामाजिक चेतना केंद्र कलेक्टर बालागुरु के. और जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी सर्जना यादव के मार्गदर्शन में संचालित किए जा रहे हैं। इन केंद्रों के माध्यम से ग्रामीणों में साक्षरता, जागरूकता और आत्मविश्वास बढ़ाने की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है।
इस अवसर पर जिला परियोजना समन्वयक आर.आर. उइके, जिला सह-समन्वयक लखन लाल माहेश्वरी, ब्लॉक सह-समन्वयक गेंदराज विश्वकर्मा और संकुल सह-समन्वयक ममता कटारे भी उपस्थित रहे।
