रायपुर, 22 जुलाई/ ETrendingIndia / Inauguration of Shabari Library: Tribal heritage and girl child education to get new strength / रायपुर के रोहिणीपुरम स्थित शबरी कन्या आश्रम परिसर में वनवासी विकास समिति द्वारा स्थापित “शबरी वाचनालय” का उद्घाटन छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका ने किया।
उन्होंने इसे जनजातीय इतिहास, संस्कृति और परंपराओं के संरक्षण के साथ नई पीढ़ी को शिक्षा से जोड़ने की महत्वपूर्ण पहल बताया।
जनजातीय संस्कृति के संरक्षण पर जोर
राज्यपाल ने कहा कि वाचनालय जनजातीय भाषा, इतिहास और लोक परंपराओं को सहेजने का प्रभावी माध्यम बनेगा। उन्होंने विशेष रूप से अत्यंत पिछड़ी जनजातियों (PVTG) के संरक्षण, उनकी संस्कृति के संवर्धन तथा जनजातीय स्वतंत्रता सेनानियों और वीरांगनाओं, खासकर रानी दुर्गावती, के योगदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाने की आवश्यकता बताई।
बालिकाओं की शिक्षा और आत्मनिर्भरता पर फोकस
मुख्य वक्ता अतुल जोग ने बताया कि वनवासी कल्याण आश्रम 1952 से शिक्षा, स्वास्थ्य और समाज सेवा के क्षेत्र में कार्य कर रहा है। उन्होंने कहा कि आश्रम की अनेक छात्राएं आज डॉक्टर, प्रोफेसर, पुलिस अधिकारी, तहसीलदार, सेना और महिला कमांडो बनकर देश की सेवा कर रही हैं।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बढ़ाई शोभा
कार्यक्रम में दीप प्रज्ज्वलन, वाचनालय उद्घाटन, स्वागत नृत्य, राष्ट्रगीत, राज्यगीत और छात्राओं द्वारा प्रस्तुत एकल गीत ने सभी का ध्यान आकर्षित किया। समारोह के अंत में समिति अध्यक्ष उमेश कच्छप ने सभी अतिथियों और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया।
