ISRO
ISRO
Share This Article

रायपुर, 11 दिसंबर 2025 / ETrendingIndia / ISRO steps up transfer of space technology to industries / इसरो तकनीक हस्तांतरण , भारत के अंतरिक्ष कार्यक्रम को और मज़बूत बनाने के साथ-साथ इसरो अब अपनी उन्नत अंतरिक्ष प्रौद्योगिकियों को भारतीय उद्योगों और स्टार्टअप्स तक पहुँचाने के लिए सक्रिय रूप से काम कर रहा है। संसद में पूछे गए प्रश्न के जवाब में सरकार ने बताया कि इसरो कई महत्वपूर्ण तकनीकों का विकास और हस्तांतरण कर रहा है।

इन प्रौद्योगिकियों में स्टेज रिकवरी और पुन: उपयोग, एलओएक्स -मीथेन इंजन, उन्नत प्रणोदन तकनीक, आधुनिक निर्माण सामग्री, कम लागत वाले उपग्रह, क्वांटम संचार, ऑन- ऑर्बिट सर्विसिंग, डॉकिंग, चंद्र नमूना वापसी तकनीक, अंतरिक्ष आधारित निगरानी प्रणाली और मानव मिशनों के लिए जीवन सहायता तकनीक शामिल हैं।

इसरो तकनीक हस्तांतरण , इसरो, एनएसआईएल और इन-स्पेस मिलकर यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि इन तकनीकों का अधिक से अधिक उपयोग भारतीय उद्योग कर सकें। इसके लिए इन- स्पेस और एनएसआईएल ने अपने वेब पोर्टल पर उन सभी तकनीकों की सूची जारी करने की पहल की है, जिन्हें उद्योगों और स्टार्टअप्स को दिया जा सकता है।

स्टार्टअप, एमएसएमई और शैक्षणिक संस्थानों को प्रोत्साहन देने के लिए इन-स्पेस की विभेदित मूल्य नीति के तहत तकनीकी हस्तांतरण शुल्क पर 30% की विशेष छूट भी प्रदान की जा रही है।

विभाग द्वारा नई तकनीकी हस्तांतरण दिशा-निर्देश तैयार कर लिए गए हैं, जिन्हें अंतिम स्वीकृति के लिए भेज दिया गया है। इससे देश में तकनीकी आत्मनिर्भरता और औद्योगिक विकास को नई गति मिलने की उम्मीद है।