antiquities collectivelyantiquities collectively
Share This Article

रायपुर, 02 मई 2026/ ETrendingIndia / अमेरिका ने भारत को लौटाईं ऐतिहासिक धरोहरें

भारत को प्राचीन धरोहर वापसी के तहत अमेरिका ने 657 प्राचीन कलाकृतियां भारत को लौटा दी हैं। इन कलाकृतियों की कुल कीमत लगभग 14 मिलियन डॉलर आंकी गई है। यह घोषणा मैनहट्टन डिस्ट्रिक्ट अटॉर्नी एल्विन ब्रैग ने की।

न्यूयॉर्क स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास की काउंसल राजलक्ष्मी कदम की मौजूदगी में यह कलाकृतियां भारत को सौंपी गईं। ये सभी वस्तुएं अवैध तस्करी नेटवर्क के खिलाफ हुई कई जांचों के बाद बरामद की गई थीं।

तस्करी नेटवर्क पर सख्त कार्रवाई

एल्विन ब्रैग ने कहा कि भारत की सांस्कृतिक विरासत को निशाना बनाने वाले तस्करी नेटवर्क का दायरा बहुत बड़ा है। उन्होंने बताया कि 600 से अधिक कलाकृतियों की वापसी इस बड़े नेटवर्क का प्रमाण है।

इसके अलावा, उन्होंने अपनी टीम के लगातार प्रयासों की सराहना की। साथ ही कहा कि चोरी हुई अन्य धरोहरों को वापस लाने का काम अभी जारी रहेगा।

रायपुर संग्रहालय की दुर्लभ मूर्ति भी शामिल

भारत को प्राचीन धरोहर वापसी के दौरान लौटाई गई वस्तुओं में ‘अवलोकितेश्वर’ की कांस्य प्रतिमा सबसे खास मानी जा रही है। इसकी कीमत लगभग 2 मिलियन डॉलर बताई गई है।

यह प्रतिमा वर्ष 1939 में लक्ष्मण मंदिर के पास मिली थी। बाद में इसे रायपुर के महंत घासीदास मेमोरियल म्यूजियम में रखा गया था। हालांकि, 1952 के बाद यह मूर्ति चोरी हो गई और तस्करी के जरिए अमेरिका पहुंचा दी गई।

गणेश प्रतिमा भी हुई बरामद

लौटाई गई धरोहरों में मध्य प्रदेश के एक मंदिर से वर्ष 2000 में चोरी हुई नृत्य करते भगवान गणेश की बलुआ पत्थर की प्रतिमा भी शामिल है।


Share This Article