रायपुर,05 मई 2026/ ETrendingIndia / पश्चिम बंगाल में भाजपा की सुनामी के आगे जिस तरह से तृणमूल उखड़ गई है यह अपने आप में एक इतिहास माना जा रहा है।
मतगणना के दौरान 293 सीटों के नतीजों और रुझानों में भाजपा 207, तृणमूल 80, कांग्रेस 2, वाममोर्चा 2 सीटों पर आगे थी।
आम जनता उन्नयन पार्टी व आल इंडिया सेक्युलर फ्रंट भी एक दो सीट पर आगे देखी जा रही थी। जबकि भाजपा के काफी उम्मीदवार जीत चुके थे।
नंदीग्राम से भाजपा प्रार्थी शुभेंदु अधिकारी जीत चुके थे तो वहीं भवानीपुर में भी वह ममता बनर्जी से आगे चल रहें थे।
इसी पता चल सकता है कि तृणमूलियों की भाजपा की आंधी में क्या दुर्गत हुई है। देखा जाए तो चुनावी परिणाम ने टीएमसी के 15 साल के शासन को खत्म कर दिया है। यहां बीजेपी सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है। इसका मतलब है कि पश्चिम बंगाल में अब ममता बनर्जी की सरकार ने धरती पकड़ लिया है।
बीजेपी राज्य की सत्ता संभालेगी। अब इस पर तृणमूल कांग्रेस के नेता और टीएमसी महासचिव अभिषेक बनर्जी ने चुनावी नतीजों पर पहली बार सार्वजनिक प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि, कि एक सभ्य समाज में लोग जो भी फैसला सुनाते हैं, उसे हर किसी को स्वीकार करना चाहिए।
वोटों की गिनती की प्रक्रिया असामान्य रूप से धीमी चल रही है। इससे पहले 2021 में लगभग 90त्न गिनती साढ़े आठ घंटे के भीतर पूरी हो गई थी। अब उतने ही समय में केवल 6–8 राउंड ही पूरे हुए हैं।
इस खबर के लिखे जाने तक ममता सरकार के कई मंत्री हार चुके थे या फिर बस उनके हारने का अधिकारिक ऐलान होना बचा था।
कोलकाता की हाई प्रोफाईल भवानीपुर में मुकाबला उतार-चढ़ाव भरा रहा। शुरूआती दौर में पिछडऩे के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बढ़त बना ली है। हालांकि, दोपहर बाद दोनों के बीच का अंतर कम होने लगा।
ताजा जानकारी के मुताबिक, 13वें राउण्ड की मतगणना के बाद इस सीट से ममता अपने प्रतिद्वंदी भाजपा के शुभेंदु अधिकारी से महज पांच हजार मतों से आगे चल रही था लेकिन अधिकारी फिर आगे थे।
हालांकि, ममता कैबिनेट के कई उम्मीदवार लगातार पिछड़ते नजर आ रहे हैं। इनमें मलय घटक, शशि पांजा, उदयन गुह, परेश चंद्र अधिकारी, सुजीत बसु, बीरवाहा हांसदा, राजीव बनर्जी व इंद्रनील सेन का नाम उल्लेखनीय है।
अब तक प्राप्त नतीजों में भाजपा को पूर्व बर्धमान की मंतेश्वर और भातार, पश्चिम बर्धमान की आसनसोल दक्षिण तथा अलीपुरद्वार जिले की कालिमपांग, दार्जिलिंग, मेदिनिपुर, बुरवान, खड़दह, जगतवल्लभपुर, रानीबांध और जामुडिय़ा सीटों पर जीत मिली है जबकि तृणमूल को मुर्शिदाबाद जिले की भगवानगोला, माल्दा की सुजापुर तथा कोलकाता की मटियाबुर्ज सीटों पर कामयाबी मिली है।
चुनाव आयोग के अनुसार, मंतेश्वर सीट पर भाजपा के सैकत पांजा ने राज्य के पूर्व मंत्री और तृणमूल उम्मीदवार सिद्दिकुल्ला चौधुरी को 14,798 मतों से पराजित किया जबकि भातार सीट से भाजपा के कारफा सौमेन 6,528 मतों से विजयी घोषित किये गये हैं। उधर, पश्चिम बर्धमान की आसनसोल दक्षिण सीट से भाजपा की अग्निमित्रा पाल ने 40,839 मतों के भारी अंतर से जीत हासिल की है जबकि कालिपांग सीट से भाजपा के भरत कुमार छेत्री 21,464 मतों से विजयी घोषित किये गये हैं।
मेदिनिपुर सीट से पार्टी उम्मीदवार शंकर कुमार गुछैत ने 38747 मतों से जीत हासिल की। उधर दार्जिलिंग से नौमान राय 6057 मतों से विजयी घोषित किये गये हैं। वहीं, तृणमूल को मुर्शिदाबाद की भगवानगोला सीट पर कामयाबी मिली है जहां पार्टी के उम्मीदवार रेयात हुसैन सरकार ने 56,407 वोटों से जीत दर्ज की है।
उत्तर बंगाल में पहले से मजबूत रही भाजपा अपनी पकड़ और मजबूत करती दिख रही है। इस क्षेत्र के पांच जिलों दार्जिलिंग, माल्दा, जलपाईगुड़ी, कूचबिहार तथा अलीपुर द्वार में पार्टी शानदार प्रदर्शन करती दिख रही है।
इन जिलों की ज्यादातर सीटों पर भाजपा उम्मीदवारों ने बढ़त बना रखी है। उत्तर व दक्षिण दिनाजपुर जिलों में भी भाजपा तृणमूल से आगे है।
भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि मुस्लिम वोटों में बंटवारे के कारण ही मुस्लिम बहुल क्षेत्रों में भी भाजपा को अपेक्षा से बेहतर परिणाम मिल रहे हैं। सोमवार को मतगणना के दौरान मीडिया से बातचीत में शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि शुरुआती रुझानों में भाजपा राज्य में स्पष्ट बहुमत की ओर बढ़ती दिखाई दे रही है। उन्होंने कहा कि इस चुनाव में बड़ी संख्या में हिंदू मतदाता एकजुट होकर मतदान कर रहे हैं, जबकि मुस्लिम वोट अलग-अलग दलों में बंट गए हैं। कई स्थानों पर मुस्लिम मतदाताओं ने अन्य दलों को समर्थन दिया, वहीं कुछ क्षेत्रों में भाजपा को भी मुस्लिम वोट मिले हैं।
उल्लेखनीय है कि माल्दा, मुर्शिदाबाद और उत्तर दिनाजपुर जैसे मुस्लिम बहुल जिलों में भी भाजपा को उल्लेखनीय कामयाबी मिली है। मालदा की 12 सीटों में से छह पर भाजपा आगे है, जबकि मुर्शिदाबाद की 22 सीटों में से आठ और उत्तर दिनाजपुर की नौ सीटों में से चार पर भाजपा बढ़त बनाए हुए है।
तृणमूल कांग्रेस प्रमुख व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अपने कार्यकर्ताओं से पूरे धैर्य के साथ मतगणना पर अंकेंद्रों पर डटे रहने का निर्देश दिया है। सोमवार दोपहर सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट कर ममता ने कहा कि कोई भी उम्मीदवार और काउंटिंग एजेंट मतगणना केंद्र ना छोड़े। उन्होंने भाजपा पर साजिश का आरोप लगाते हुए कि जिन स्थानों पर भाजपा आगे है, उन सीटों के बारे में जानकारी दी जा रही है जबकि जहां तृणमूल आगे हो रही है वहां काउंटिंग जानबूझ कर बिलंब की जा रही है।
उन्होंने चुनाव आयोग की भूमिका पर भी सवाल उठाये हैं। बहरहाल जो भी हो उक्त खबर के लिखे जाने तक पूर्व और पश्चिम बर्द्धमान में भाजपा एकतरफा जीत की ओर अग्रसर थी। वहीं जंगलमहल पर भाजपा की पकड़ मजबूत हुई , पुरुलिया और बांकुड़ा में क्लीन स्वीप करती नजर आई तो पूर्व और पश्चिम बर्द्धमान में भाजपा एकतरफा जीत की ओर अग्रसर थी।
