रायपुर, 30 मई 2026 / PDS Rice Quality: Big change in ₹1 kg rice scheme…! Central government changes the quality of rice… will be up to 90% standing rice and 10% Kanaki /
PDS Rice Quality : जन वितरण प्रणाली (PDS) के तहत मिलने वाले एक रुपए किलो चावल की गुणवत्ता अब पहले से बेहतर होने जा रही है। केंद्र सरकार खरीफ सीजन 2026 से नई ‘इम्प्रूव्ड राइस स्कीम’ लागू करने की तैयारी में है, जिसके तहत राशन चावल में अब 90 प्रतिशत खड़ा चावल और केवल 10 प्रतिशत कनकी (ब्रोकन राइस) मान्य होगी। अभी तक 75 प्रतिशत खड़ा चावल और 25 प्रतिशत कनकी की अनुमति थी।
नई व्यवस्था लागू होने के बाद गरीब उपभोक्ताओं को पहले से बेहतर गुणवत्ता वाला राशन चावल मिलेगा। सरकार का मानना है कि इससे सार्वजनिक वितरण प्रणाली और अधिक पारदर्शी तथा नागरिक-केंद्रित बनेगी।
राइस मिलों को करना होगा बड़ा बदलाव
नई गुणवत्ता नीति के अनुसार प्रदेश की राइस मिलों को आधुनिक मशीनों और नई तकनीक से अपग्रेड करना होगा। तय मानकों के अनुसार चावल तैयार करने के लिए मिलिंग सिस्टम में बड़े बदलाव किए जाएंगे।
कांति लाल बोथरा ने कहा कि योजना अच्छी है, लेकिन प्रदेश की हजारों राइस मिलों में अभी आधुनिक मशीनों की कमी है। ऐसे में नई व्यवस्था लागू करना चुनौतीपूर्ण हो सकता है।
कनकी जाएगी एथेनॉल प्लांट
नई स्कीम के तहत बचने वाले अतिरिक्त 15 प्रतिशत ब्रोकन चावल का अलग से उपयोग तय किया गया है। इस कनकी का टेंडर होगा और इसे एथेनॉल प्लांट्स में भेजा जाएगा। इससे, ब्रोकन राइस का बेहतर उपयोग होगा। मिलर्स को अतिरिक्त आर्थिक अवसर मिलेंगे।
छत्तीसगढ़ में करोड़ों लोगों पर असर
छत्तीसगढ़ में, PDS के तहत हर साल लगभग 2.5 मिलियन मीट्रिक टन चावल 8.242 मिलियन राशन कार्ड धारकों को वितरित किया जाता है। इस नई नीति का लाखों परिवारों पर सीधा असर पड़ेगा।
AI से हाईटेक होगा राशन सिस्टम
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली को हाईटेक बनाने की दिशा में काम शुरू हो चुका है। केंद्र सरकार की ‘सार्थक पीडीएस योजना फेज-2’ के तहत राशन वितरण, ट्रांसपोर्टेशन और निगरानी व्यवस्था में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का उपयोग किया जाएगा।
खाद्य सचिव ने मांगे मिलर्स से सुझाव
रीना बाबा साहेब कंगाले ने बताया कि नई इम्प्रूव्ड राइस स्कीम को लागू करने के लिए मिलर्स से सुझाव और समस्याएं मांगी गई हैं। परीक्षण के बाद प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजे जाएंगे।
