रायपुर, 24 जून 2026/ Kolkata Airport: Becomes 100% solar-powered! Green Airport: Promoting EVs as well.
Kolkata Airport : पश्चिम बंगाल स्थित Netaji Subhas Chandra Bose International Airport ने पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छ ऊर्जा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। एयरपोर्ट अब अपनी कुल ऊर्जा आवश्यकता के मुकाबले 100 प्रतिशत सौर ऊर्जा का उत्पादन कर रहा है, जिससे यह देश के अग्रणी ग्रीन एयरपोर्ट्स में शामिल हो गया है।
सौर ऊर्जा से पूरी हो रही जरूरत
एयरपोर्ट प्रशासन के अनुसार, हवाई अड्डा राज्य के बिजली ग्रिड से बिजली प्राप्त करता है, लेकिन एयरपोर्ट द्वारा उत्पादित सौर ऊर्जा उसकी कुल खपत से अधिक है। अतिरिक्त बिजली को ग्रिड में वापस भेजा जाता है। इस प्रकार वार्षिक आधार पर एयरपोर्ट की ऊर्जा जरूरत पूरी तरह सौर ऊर्जा से संतुलित हो रही है।
इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा
एयरपोर्ट परिसर में कार्बन उत्सर्जन कम करने के लिए अधिकांश पारंपरिक वाहनों को इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) से बदला जा चुका है। इससे ईंधन की खपत घटने के साथ-साथ प्रदूषण में भी कमी आई है। यात्रियों और कर्मचारियों के लिए ईवी चार्जिंग सुविधाओं का भी विस्तार किया जा रहा है।
एयरपोर्ट अथॉरिटी की हरित पहल
Airports Authority of India देश के विभिन्न हवाई अड्डों पर सौर ऊर्जा, ऊर्जा दक्षता और हरित परिवहन को बढ़ावा दे रही है। कोलकाता एयरपोर्ट की यह उपलब्धि भारत के विमानन क्षेत्र को अधिक टिकाऊ और पर्यावरण-अनुकूल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
