Meghalaya's Lakadong turmeric gains global recognition
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रायपुर 27 जून 2026/ ETrendingIndia / Meghalaya’s Lakadong turmeric gains global recognition, demand increases due to medicinal properties: Popularity rises after G-7 summit , लाकाडोंग हल्दी फायदे , पूर्वोत्तर भारत के मेघालय के पश्चिमी जयंतिया हिल्स क्षेत्र में उगाई जाने वाली लाकाडोंग हल्दी इन दिनों दुनिया भर में चर्चा का विषय बनी हुई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जी-7 शिखर सम्मेलन के दौरान कई वैश्विक नेताओं को इसे भारत की पारंपरिक कृषि और आयुर्वेदिक विरासत के प्रतीक के रूप में भेंट किया। इसके बाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी मांग और लोकप्रियता बढ़ी है।

करक्यूमिन की अधिक मात्रा इसकी खासियत

लाकाडोंग हल्दी की सबसे बड़ी विशेषता इसमें 7 से 12 प्रतिशत तक करक्यूमिन का पाया जाना है, जबकि सामान्य हल्दी में यह मात्रा काफी कम होती है। यही कारण है कि इसे उच्च गुणवत्ता वाली औषधीय हल्दी माना जाता है।

स्वास्थ्य के लिए कई लाभ

विशेषज्ञों के अनुसार, लाकाडोंग हल्दी में सूजन कम करने, रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने, संक्रमण से बचाव और घाव भरने में मदद करने वाले गुण होते हैं। कई शोधों में करक्यूमिन को कैंसर कोशिकाओं की वृद्धि रोकने, हृदय स्वास्थ्य बेहतर बनाने, कोलेस्ट्रॉल नियंत्रित रखने और मस्तिष्क को स्वस्थ रखने में भी उपयोगी बताया गया है। हालांकि, गंभीर बीमारियों के उपचार के लिए इसका उपयोग केवल डॉक्टर की सलाह पर ही करना चाहिए।

दवा और कॉस्मेटिक उद्योग में बढ़ा उपयोग

उच्च गुणवत्ता के कारण लाकाडोंग हल्दी का उपयोग दवा, न्यूट्रास्यूटिकल, स्वास्थ्य सप्लीमेंट और स्किन केयर उत्पाद बनाने में भी किया जा रहा है। इसके बढ़ते निर्यात से मेघालय के किसानों की आय में वृद्धि की संभावनाएं भी मजबूत हुई हैं।