Share This Article

रायपुर, 18 जुलाई 2026/ Major relief for MP-CG pensioners…! Process for granting dearness relief simplified… Approval from the other state will no longer be required.

MP-CG : मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ सरकार ने पेंशनरों को महंगाई राहत (डीआर) देने की प्रक्रिया को सरल बनाने का निर्णय लिया है। दोनों राज्यों के वित्त विभागों की सहमति से जारी आदेश के अनुसार अब महंगाई राहत बढ़ाने के लिए दूसरे राज्य की पूर्व सहमति लेना आवश्यक नहीं होगा। इससे जहां प्रशासनिक प्रक्रिया आसान होगी वहीं, पेंशनरों को महंगाई राहत का लाभ समय पर मिल सकेगा।

सीधे जारी होंगे आदेश

नई व्यवस्था के तहत सातवें वेतन आयोग से संबंधित आवश्यक संशोधन होने पर दोनों राज्य अपने-अपने स्तर पर सीधे कार्यकारी आदेश जारी कर सकेंगे। इससे प्रशासनिक प्रक्रिया तेज होगी और अनावश्यक देरी समाप्त होगी।

वित्तीय भार की होगी सूचना

यदि किसी राज्य के आदेश से अतिरिक्त वित्तीय भार पड़ता है, तो संबंधित राज्य दूसरे राज्य को इसकी जानकारी देगा। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया है कि कोई भी राज्य केंद्र सरकार द्वारा घोषित महंगाई राहत की दर से अधिक राहत लागू नहीं करेगा।

पेंशनरों को मिलेगा लाभ

सरकार का मानना है कि इस फैसले से महंगाई राहत जारी करने में तेजी आएगी, प्रशासनिक सुविधा बढ़ेगी और मध्यप्रदेश तथा छत्तीसगढ़ के लाखों पेंशनरों को समय पर डीआर का लाभ मिल सकेगा।

इस आदेश पर मध्यप्रदेश शासन के अपर मुख्य सचिव श्री मनीष रस्तोगी और छत्तीसगढ़ शासन के वित्त सचिव डॉ॰ रोहित यादव ने हस्ताक्षर किए.

लंबे समय से की जा रही मांग, अब हुई पूरी

छत्तीसगढ़ के पेंशनरों और अधिकारी -कर्मचारी तथा पेंशनर संघों द्वारा इस संबंध में लगातार राज्य शासन से मांग की जा रही थी कि मंहगाई राहत को देने की प्रक्रिया को सरल किया जाए। लंबे समय के अंतराल के बाद अब इस बात पर दोनों राज्यों के बीच सहमति हो गई है.