रायपुर, 08 अगस्त 2026/ ETrendingIndia / अमेरिका के कैलिफोर्निया राज्य में ट्रेकिंग के दौरान लापता हुए भारतीय मूल के शोध छात्र विक्रम मुबायी का शव इन्यो राष्ट्रीय वन क्षेत्र से बरामद किया गया है। वह पिछले दो दिनों से लापता थे।
पुलिस ने फिलहाल किसी आपराधिक साजिश की आशंका से इनकार किया है, हालांकि मामले की विस्तृत जांच जारी है।
विक्रम मुबायी कैलिफोर्निया विश्वविद्यालय, सांता बारबरा के रॉबर्ट मेहराबियन अभियांत्रिकी महाविद्यालय में रासायनिक अभियांत्रिकी विषय में शोध कर रहे थे। सप्ताहांत के दौरान वह बिग पाइन लेक्स क्षेत्र में अकेले ट्रेकिंग के लिए गए थे।
परिजनों के अनुसार, विक्रम ने एक अगस्त की रात लगभग साढ़े आठ बजे अंतिम बार परिवार से बातचीत की थी। उन्होंने ट्रेकिंग के दौरान अपनी वैश्विक स्थिति निर्धारण प्रणाली (जीपीएस) के माध्यम से अपनी स्थिति भी साझा की थी। इसके बाद उनसे संपर्क नहीं हो सका।
जब सप्ताहांत समाप्त होने के बाद भी विक्रम वापस नहीं लौटे, तो परिवार ने उनसे संपर्क करने का प्रयास किया। उनका मोबाइल फोन बंद मिला और संदेशों का भी कोई उत्तर नहीं मिला। इसके बाद परिजनों ने स्थानीय प्रशासन को सूचना दी।
व्यापक खोज अभियान
सूचना मिलने पर इन्यो काउंटी खोज एवं बचाव दल तथा कैलिफोर्निया राजमार्ग गश्ती दल ने संयुक्त रूप से व्यापक खोज अभियान शुरू किया। अभियान के दौरान तीन अगस्त को बिग पाइन लेक्स क्षेत्र के जंगल में विक्रम का शव बरामद किया गया।
शव जल क्षेत्र के पास मिला
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार शव जल क्षेत्र के पास मिला है। हालांकि वह पानी तक कैसे पहुंचे और उनकी मृत्यु किन परिस्थितियों में हुई, इसका अभी तक स्पष्ट पता नहीं चल पाया है।
पुलिस ने कहा है कि अब तक की जांच में किसी आपराधिक षड्यंत्र के संकेत नहीं मिले हैं, लेकिन सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
सामाजिक मंच ‘रेडिट’ से खोज सहयोग की अपील
विक्रम के लापता होने के बाद उनके परिवार ने सामाजिक मंच ‘रेडिट’ पर लोगों से खोज अभियान में सहयोग की अपील की थी। उनके भाई ने भी आम लोगों से सूचना साझा करने का अनुरोध किया था।
विक्रम मुबायी का जन्म और पालन-पोषण हांगकांग में हुआ था। बाद में उच्च शिक्षा के लिए वे अमेरिका चले गए। उनके परिवार के अनुसार वह एक अनुभवी पर्वतारोही थे और पर्वतीय यात्राओं का लंबा अनुभव रखते थे।
कैलिफोर्निया विश्वविद्यालय से पहले विक्रम ने इलिनोइस विश्वविद्यालय, अर्बाना-शैम्पेन से वर्ष 2022 में रासायनिक अभियांत्रिकी में स्नातक की उपाधि प्राप्त की थी। वह बर्क प्रयोगशाला में अनुसंधान सहायक के रूप में भी कार्य कर चुके थे।
कैलिफोर्निया विश्वविद्यालय, सांता बारबरा में उनका शोध जैविक तकनीकों के माध्यम से पेट्रोलियम आधारित सामग्रियों के टिकाऊ और पर्यावरण-अनुकूल विकल्प विकसित करने पर केंद्रित था। विश्वविद्यालय और उनके सहयोगियों ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
