एलआईसी के कर पश्चात लाभ में 22.81 प्रतिशत की वृद्धि
LIC
रायपुर, 11 अगस्त 2026 / ETrendingIndia / भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) के निदेशक मंडल ने 30 जून को समाप्त तिमाही के लिए स्टैंडअलोन एवं समेकित वित्तीय परिणामों को अनुमोदित एवं स्वीकृत कर लिया है। निगम के स्टैंडअलोन प्रदर्शन की प्रमुख उपलब्धियां निम्नलिखित हैं।
30 जून, 2026 को समाप्त तिमाही के दौरान निगम का कर पश्चात लाभ 13,492 रुपए?करोड़ रहा, जबकि 30 जून, 2025 को समाप्त तिमाही में यह 10,986 करोड़ था। इस प्रकार इसमें 22.81 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। प्रथम वर्ष प्रीमियम आय (आईआरडीएआई के अनुसार) के आधार पर बाजार हिस्सेदारी की दृष्टि से एलआईसी भारतीय जीवन बीमा उद्योग में अपनी अग्रणी स्थिति बनाए हुए है तथा इसकी कुल बाजार हिस्सेदारी 60.10 प्रतिशत रही। 30 जून, 2026 को समाप्त तिमाही के दौरान व्यक्तिगत व्यवसाय में एलआईसी की बाजार हिस्सेदारी 38.89 प्रतिशत तथा समूह व्यवसाय में 70.90 प्रतिशत रही। 30 जून, 2026 को समाप्त तिमाही के दौरान कुल प्रीमियम आय 1,27,250 करोड़ रही, जबकि 30 जून, 2025 को समाप्त तिमाही में यह 1,19,200 करोड़ रुपए थी। इस प्रकार इसमें 6.75 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। 30 जून, 2026 को समाप्त तिमाही के दौरान व्यक्तिगत व्यवसाय की कुल प्रीमियम आय 75,416 करोड़ रुपए रही, जो पिछले वर्ष की समान अवधि के ?71,474 करोड़ की तुलना में 5.52 प्रतिशत अधिक है। एलआईसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं प्रबंध निदेशक, आर. दुरैस्वामि ने कहा, हमें प्रसन्नता है कि जीवन बीमा उद्योग में प्रतिस्पर्धा लगातार बढऩे के बावजूद हमने चालू वित्तीय वर्ष की प्रथम तिमाही के दौरान व्यक्तिगत तथा समूह, दोनों ही व्यवसायों में अपनी अग्रणी स्थिति बनाए रखी है। प्रथम वर्ष प्रीमियम आय के आधार पर वित्त वर्ष 2026-27 की प्रथम तिमाही में हमारी कुल बाजार हिस्सेदारी 60.10 प्रतिशत रही, जो हमारी बाजार हिस्सेदारी संबंधी रणनीति के अनुरूप है। हमें इससे भी अधिक प्रसन्नता इस बात की है कि हमारे नए व्यवसाय के मूल्य में 61 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि हुई है तथा हमारा वीएनबी मार्जिन इस वर्ष 7.5 प्रतिशत बढकऱ 22.90 प्रतिशत हो गया है। यह हमारे उत्पाद विविधीकरण एवं वितरण रणनीति का प्रत्यक्ष परिणाम है।
