Share This Article रायपुर, 28 अगस्त 2026/ Rudrabhishek : मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शुक्रवार को रक्षाबंधन पर्व के अवसर पर खाचरौद के ग्राम चिरोला फंटा स्थित संत निजानंद धाम आश्रम पहुंचे। मुख्यमंत्री ने आश्रम में पूजा-अर्चना कर श्री श्री 1008 सचिदानंद महाराज की पुण्यतिथि पर पुष्पांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आश्रम परिसर स्थित शिव मंदिर में रुद्राभिषेक और षोडशोपचार पूजन किया। इसके बाद उन्होंने संत श्री निजानंद जी महाराज की गादी पर पूजा-अर्चना कर आरती की और आश्रम में उपस्थित संतों का वंदन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। मुख्यमंत्री ने आश्रम में प्रसादी भी ग्रहण की। सेवा समिति ने किया मुख्यमंत्री का स्वागत श्री निजानंद धाम सेवा समिति की ओर से मुख्यमंत्री डॉ. यादव का स्वागत और सम्मान किया गया। इस दौरान उन्होंने सचिदानंद जी महाराज के शिष्य विवेक महाराज से भी मुलाकात की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेशवासियों को रक्षाबंधन पर्व की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि संत श्री निजानंद आश्रम में दर्शन और पूजा-अर्चना का अवसर मिला है। उन्होंने कहा कि ऐसे संत और आध्यात्मिक केंद्र देश, प्रदेश और मालवा की सनातन संस्कृति की गौरवशाली परंपरा से परिचित कराते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि संतों के आशीर्वाद से समाज को सद्कार्य की प्रेरणा मिलती है। उन्होंने सभी के कल्याण और सुख-समृद्धि की कामना करते हुए ‘सर्वे भवन्तु सुखिनः, सर्वे सन्तु निरामयाः’ के संदेश को जीवन में अपनाने की बात कही। खाचरौद हेलीपेड पर बहनों ने बांधी राखी धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जब खाचरौद हेलीपेड पहुंचे, तो वहां रक्षाबंधन का आत्मीय दृश्य देखने को मिला। नागदा निवासी माया तितलिया और मनीषा अखिलेश शर्मा ने मुख्यमंत्री को राखी बांधकर पर्व की शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भी आत्मीयता के साथ बहनों का मुंह मीठा कराया और उन्हें रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर नागदा-खाचरौद क्षेत्र के विधायक डॉ. तेज बहादुर सिंह चौहान, राजेश धाकड़, उज्जैन विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष रवि सोलंकी, नरेश शर्मा सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे। Share This Article Post navigation पंडित प्रदीप मिश्रा के सानिध्य में… सीवन से कुबेरेश्वरधाम तक निकाली गई भव्य कांवड़ यात्रा जेल की सलाखों के बीच खिला भाई-बहन का प्यार…, हजारों बहनों ने बांधी राखी