रायपुर, 07 अगस्त 2026/ ETrendingIndia / छत्तीसगढ़ के जशपुर के संकल्प शिक्षण संस्थान में आयोजित पाँच दिवसीय आवासीय एयरोमॉडलिंग प्रशिक्षण का सफल समापन हुआ। प्रशिक्षण में कक्षा 9वीं से 12वीं तक के 40 विद्यार्थियों ने विमान निर्माण, उड़ान के वैज्ञानिक सिद्धांत, एयरोडायनामिक्स और आधुनिक विमानन तकनीकों का व्यवहारिक ज्ञान प्राप्त किया।
वर्चुअल रियलिटी के माध्यम से कॉकपिट और विमान संचालन का अनुभव भी विद्यार्थियों को कराया गया।
विज्ञान से उड़ान तक का अनूठा सफर
प्रशिक्षण के दौरान विद्यार्थियों ने विमान की संरचना, एयरफॉइल, लिफ्ट, ड्रैग, थ्रस्ट, सेंटर ऑफ ग्रैविटी तथा उड़ान नियंत्रण प्रणाली जैसे महत्वपूर्ण विषयों को सरल और व्यवहारिक तरीके से सीखा।
वर्चुअल रियलिटी से मिला कॉकपिट का अनुभव
3डी वर्चुअल रियलिटी तकनीक के जरिए विद्यार्थियों ने कॉकपिट और विमान संचालन का आभासी अनुभव लिया, जिससे सीखने की प्रक्रिया और अधिक रोचक एवं प्रभावी बनी।
स्वयं बनाए एयरोमॉडल, किया उड़ान परीक्षण
प्रशिक्षकों सुभाष देवांगन एवं राजेश राजपूत के मार्गदर्शन में विद्यार्थियों ने पेपर प्लेन, बूमरैंग, एयरक्राफ्ट पज़ल्स और एयरोमॉडल निर्माण जैसी गतिविधियों में भाग लिया। अंतिम चरण में मॉडल के संतुलन, नियंत्रण और उड़ान परीक्षण का भी व्यावहारिक अभ्यास किया।
नवाचार और वैज्ञानिक सोच को मिला बढ़ावा
नोडल अधिकारी विनोद कुमार गुप्ता के अनुसार ऐसे प्रशिक्षण विद्यार्थियों में तार्किक सोच, समस्या समाधान, टीमवर्क और नवाचार की भावना विकसित करते हैं तथा उन्हें भविष्य की विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी आधारित चुनौतियों के लिए तैयार करते हैं।
