रायपुर, 15 जनवरी 2026 / ETrendingIndia / Incredible Dantewada Campaign: There are many places of adventure, nature and faith for tourism, Barsoor-Muchnar has given a new identity / अतुल्य दंतेवाड़ा पर्यटन अभियान , छत्तीसगढ़ में पर्यटन विकास को नई दिशा देते हुए दंतेवाड़ा जिले का बारसूर–मुचनार क्षेत्र तेजी से प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में उभर रहा है। ‘अतुल्य दंतेवाड़ा’ अभियान के तहत विकसित यह क्षेत्र रोमांचक गतिविधियों, प्राकृतिक सौंदर्य और धार्मिक आस्था का अनोखा संगम प्रस्तुत कर रहा है।
इससे न केवल राज्य के पर्यटन मानचित्र को मजबूती मिल रही है, बल्कि स्थानीय रोजगार और अर्थव्यवस्था को भी बढ़ावा मिल रहा है।
एडवेंचर टूरिज्म को मिला नया आयाम
बारसूर–मुचनार में जिले की सबसे लंबी जिपलाइन पर्यटकों के लिए खास आकर्षण बन गई है। जंगलों और घाटियों के ऊपर से गुजरती जिपलाइन रोमांच प्रेमियों को यादगार अनुभव दे रही है। इसके साथ ही नाइट कैंपिंग की सुविधा ने इस क्षेत्र को युवाओं और प्रकृति प्रेमियों के बीच लोकप्रिय बना दिया है। सुरक्षा के लिए प्रशिक्षित गाइड और आवश्यक इंतजाम किए गए हैं।

प्रकृति के सान्निध्य में शांत पर्यटन
सातधार नदी का नैसर्गिक सौंदर्य, हरियाली और शांत वातावरण पर्यटकों को सुकून का अनुभव कराता है। नदी किनारे पिकनिक, ध्यान और फोटोग्राफी जैसी गतिविधियां प्रकृति आधारित पर्यटन को प्रोत्साहित कर रही हैं। यहां आने वाले पर्यटकों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है।
धार्मिक और सांस्कृतिक पर्यटन का केंद्र
बारसूर क्षेत्र 10 वीं–11वीं शताब्दी के प्राचीन मंदिरों के लिए प्रसिद्ध है। नागर शैली में बने शिव, विष्णु और गणेश मंदिर बस्तर की समृद्ध सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत को दर्शाते हैं। धार्मिक पर्यटन के साथ-साथ इतिहास में रुचि रखने वाले पर्यटक भी बड़ी संख्या में यहां पहुंच रहे हैं।
प्रशासनिक पहल से सशक्त पर्यटन ढांचा
दंतेवाड़ा जिला प्रशासन सड़क, पार्किंग, शौचालय, होमस्टे और अन्य मूलभूत सुविधाओं का विस्तार कर रहा है। पुलिस और वन विभाग के सहयोग से सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है। भविष्य में ट्रेकिंग, बोटिंग जैसी नई गतिविधियां जोड़ने की योजना है।
छत्तीसगढ़ पर्यटन को मिल रही नई पहचान
बारसूर–मुचनार क्षेत्र रोमांच, आस्था और प्रकृति आधारित पर्यटन का आदर्श मॉडल बन रहा है। यह पहल छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर मजबूत पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हो रही है।
