Share This Article ETrendingindia रायपुर, 2 फरवरी 2025/ बर्ड फ्लू छत्तीसगढ़ 2025 के प्रकरण की पुष्टि होने पर इसकी रोकथाम के लिए रेपिड रिस्पांस टीम का गठन किया गया है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के निर्देश पर राज्य एवं जिला स्तर पर कंट्रोल रूम बनाया गया है और सभी जिला कलेक्टरों और पशु चिकित्सा विभाग के अधिकारियों को एहतियाती कदम उठाने, सतर्कता बरतने और बायोसेक्युरिटी निर्देशों का पालन के निर्देश दिए गए हैं। राज्य के रायगढ़ जिले के शासकीय कुक्कट पालन प्रक्षेत्र में बर्ड फ्लू (एवियन एनफ्लूएंजा) के मामले की पुष्टि हुई है। 30 जनवरी 2025 को इस प्रक्षेत्र में बड़ी संख्या में पक्षियों की आकस्मिक मृत्यु की सूचना के बाद इसकी जांच राष्ट्रीय उच्च सुरक्षा पशु रोग संस्थान, भोपाल द्वारा की गई और 31 जनवरी 2025 को बर्ड फ्लू वायरस की पुष्टि की गयी। संचालक पशु चिकित्सक सेवाएं के निर्देश पर बर्ड फ्लू के रोकथाम के लिए रायगढ़ जिले में प्रभावित कुक्कट पालन प्रक्षेत्र के 1 किलोमीटर क्षेत्र को इन्फेक्टेड जोन घोषित कर कुक्कट, अंडे, आहार और अन्य सामग्रियों का विनिष्टीकरण किया गया है। 10 किलोमीटर का दायरा सर्वलेंस जोन घोषित प्रभावित क्षेत्र के 1 से 10 किलोमीटर के दायरे को सर्वलेंस जोन घोषित कर पोल्ट्री और अंडे की दुकानों को बंद कर दिया गया है और सीरो सर्वलेंस कार्य शुरू कर दिया गया है। जिला प्रशासन रायगढ़ द्वारा कुक्कुट पालकों को भारत सरकार द्वारा निर्धारित दरों पर मुआवजा देने के निर्देश दिए गए हैं। रायगढ़ कुक्कुट प्रक्षेत्र में इन्फेक्टेड जोन से पोल्टी प्रोडक्ट की आवाजाही प्रतिबंधित कर दी गई है। पशु चिकित्सा विभाग के अधिकारियों को पर्सनल प्रोटेक्शन इक्यूपमेंट किट का उपयोग करने कहा गया हैै। संचालक पशु चिकित्सा सेवाएं ने आम जनता से अपील की है कि वे घबराएं नहीं, क्योंकि संक्रमित क्षेत्र में सभी आवश्यक कार्रवाई की जा चुकी है। पोल्ट्री उत्पादों का सेवन स्वच्छता और सावधानी से किया जा सकता है, क्योंकि ये पोषण से भरपूर होते हैं और कुपोषण दूर करने में मदद करते हैं। राज्य के अन्य हिस्सों में बर्ड फ्लू के मामलों की कोई सूचना नहीं मिली है। वायरस के मानवों में संक्रमण का कोई मामला नहीं देखा गया है एवियन एनफ्लूएंजा एक घातक संक्रामक रोग है, जो पक्षियों में फैलता है। हालांकि अब तक भारत में इस वायरस के मानवों में संक्रमण का कोई मामला नहीं देखा गया है। फिर भी वायरस के लक्षण और संक्रमण के जोखिम को लेकर सभी लोगों को सावधानी बरतने की आवश्यकता है। बर्ड फ्लू छत्तीसगढ़ 2025 Share This Article Post navigation प्रधानमंत्री उत्कृष्टता अवार्ड 2025: ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू छत्तीसगढ़ के उच्च अधिकारियों के लिए एआई कार्यशाला