रायपुर, 13 अक्टूबर 2025/ ETrendingIndia / Amisha gets a new lease of life through the Chirayu scheme; children are treated for 44 serious diseases / चिरायु योजना से बच्चों का इलाज , छत्तीसगढ़ की चिरायु योजना आज हजारों परिवारों के लिए उम्मीद की किरण बन चुकी है। इसी योजना ने जशपुर जिले के छोटे से गाँव ओरडीह की 11 वर्षीय अमीषा केरकेट्टा को भी नई ज़िंदगी दी — एक ऐसी बच्ची, जिसकी मुस्कान अब पूरे परिवार की ताकत बन गई है।
किसान पिता अशोक केरकेट्टा की लाडली अमीषा जन्म से ही हृदय रोग से पीड़ित थी। बार-बार बीमार पड़ने से परिवार परेशान था, पर महंगे इलाज का खर्च उठाना संभव नहीं था। तभी जिला अस्पताल जशपुर में चिरायु टीम ने जांच कर उन्हें योजना की जानकारी दी। यही जानकारी उनके लिए उम्मीद की डोर साबित हुई।
चिरायु योजना से बच्चों का इलाज , सरकार के राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (चिरायु योजना) के तहत अमीषा को नया रायपुर स्थित श्री सत्य साईं संजीवनी अस्पताल भेजा गया, जहां विशेषज्ञ डॉक्टरों ने निःशुल्क हृदय ऑपरेशन कर उसकी जान बचाई। ऑपरेशन सफल रहा, और आज अमीषा पहले से कहीं अधिक स्वस्थ और प्रसन्न है।
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में शुरू की गई यह योजना अब तक 44 गंभीर बीमारियों से ग्रस्त हजारों बच्चों को नई राह दिखा चुकी है।
अमीषा के पिता भावुक होकर कहते हैं—“ साय सरकार और डॉक्टरों ने हमारी बेटी को फिर से जीवन दिया। चिरायु योजना हमारे जैसे गरीब परिवारों के लिए सचमुच वरदान है।”
अमीषा की कहानी आज इस बात का प्रतीक है कि जब संवेदनशील नीति और सच्चा प्रयास मिलते हैं, तो हर मासूम मुस्कान फिर से खिल उठती है।
