Share This Article

1 नवंबर 2026 / ETrendingIndia / राजस्थान में वरिष्ठ IAS अधिकारी शिखर अग्रवाल और उनके परिवार की संपत्ति खरीद का मामला चर्चा में है। परिवार ने ढाई साल के भीतर एक ही निजी कंपनी से करीब 6.16 करोड़ रुपये में 40 विला और कॉटेज खरीदे और बाद में इन्हें उसी कंपनी को सालाना 1.80 करोड़ रुपये किराये पर दे दिया।

मामला सामने आने के बाद राज्य सरकार ने अग्रवाल को पदस्थापना आदेशों की प्रतीक्षा (APO) में भेज दिया है। अब भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने भी जांच शुरू करने की तैयारी की है।

दो चरणों में खरीदी गईं 40 संपत्तियां

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, अग्रवाल, उनकी IPS पत्नी प्रशाखा माथुर, दो बेटों और ससुराल पक्ष के सदस्यों ने सितंबर 2023 में उदयपुर के बुजड़ा स्थित रिसॉर्ट में 20 कॉटेज खरीदे। इसके बाद मार्च 2026 में अलवर के अजबगढ़ में 20 विला खरीदे गए।

हर साल 1.80 करोड़ रुपये किराया

इन संपत्तियों को बेचने वाली कंपनी को ही वापस लीज पर दिया गया। इससे सालाना करीब 1.80 करोड़ रुपये किराया मिलने की व्यवस्था बताई गई है।

ACB की जांच के घेरे में मामला

ACB की प्रारंभिक जांच में संपत्तियों की कथित कम कीमत और निजी कंपनी को सरकारी स्तर पर संभावित अनुचित लाभ पहुंचाने के आरोप सामने आए हैं। राज्य सरकार ने विस्तृत जांच की अनुमति दी है। हालांकि, आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही होगी।


Share This Article