रायपुर,08 मई 2026 / ETrendingIndia / MV Hondius पर हंता वायरस संक्रमण से बढ़ी वैश्विक चिंता
अटलांटिक महासागर में यात्रा कर रहे लक्जरी क्रूज शिप MV Hondius पर फैले हंता वायरस संक्रमण ने दुनियाभर की स्वास्थ्य एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है। MV Hondius हंता वायरस मामले में अब तक तीन यात्रियों की मौत हो चुकी है, जबकि कई अन्य संक्रमित पाए गए हैं।
World Health Organization ने कहा है कि यह “अगला कोविड” नहीं है, लेकिन संक्रमण को हल्के में नहीं लिया जा सकता।
अर्जेंटीना से शुरू हुई थी यात्रा
MV Hondius हंता वायरस प्रकोप की शुरुआत तब हुई जब जहाज ने 1 अप्रैल को अर्जेंटीना के उशुआइया शहर से यात्रा शुरू की।
रिपोर्ट्स के अनुसार जहाज पर 114 यात्री और क्रू सदस्य सवार थे। इसके बाद यात्रा के दौरान कई लोग बीमार पड़ने लगे।
WHO के मुताबिक 6 मई तक कुल 8 मामले सामने आए हैं। इनमें से 3 मामलों की लैब जांच में हंता वायरस की पुष्टि हुई है। वहीं 3 लोगों की मौत हो चुकी है और एक मरीज की हालत गंभीर बताई गई है।
क्या है हंता वायरस और क्यों बढ़ी चिंता?
Hantavirus एक दुर्लभ लेकिन खतरनाक वायरस है, जो मुख्य रूप से चूहों और अन्य रोडेंट्स के जरिए फैलता है।
विशेषज्ञों के अनुसार संक्रमण संक्रमित जीवों के मल, मूत्र और लार के संपर्क में आने से फैल सकता है। हालांकि इस मामले में यह आशंका जताई जा रही है कि वायरस का स्रोत अर्जेंटीना हो सकता है।
इसके अलावा स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने कहा है कि आम जनता के लिए जोखिम फिलहाल कम माना जा रहा है। फिर भी यात्रियों के अलग-अलग देशों में लौटने के कारण निगरानी बढ़ा दी गई है।
WHO और कंपनी ने शुरू की निगरानी
क्रूज ऑपरेटर ने बताया कि जहाज छोड़ने वाले सभी यात्रियों से संपर्क किया जा रहा है। इसके साथ ही यात्रियों और क्रू की पूरी जानकारी जुटाई जा रही है।
WHO लगातार मामले की निगरानी कर रहा है और अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य एजेंसियों के साथ मिलकर संक्रमण नियंत्रण पर काम कर रहा है।
