Share This Article रायपुर / ETrendingIndia / पीएम मोदी मानसून सत्र संबोधन , पीएम मोदी का संसद के मानसून सत्र में राष्ट्र के नाम संदेश प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को संसद के मानसून सत्र की शुरुआत करते हुए सांसदों से एकता और राष्ट्रीय हित में सहयोग की अपील की। उन्होंने रक्षा, विज्ञान, अर्थव्यवस्था और डिजिटल क्षेत्र में देश की उपलब्धियों को उजागर करते हुए पीएम मोदी मानसून सत्र संबोधन को प्रेरणादायक और दिशा-निर्देशक बताया। ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की सफलता को बताया राष्ट्रीय गर्व प्रधानमंत्री मोदी ने हाल ही में सफलतापूर्वक संपन्न ऑपरेशन सिंदूर को भारत की सैन्य ताकत और आत्मनिर्भर रक्षा क्षेत्र का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि भारतीय सेना ने मात्र 22 मिनट में लक्ष्य को सफलतापूर्वक निष्पादित कर यह सिद्ध कर दिया कि ‘मेक इन इंडिया’ सैन्य तकनीक अब विश्व में पहचान बना चुकी है। विज्ञान और कृषि क्षेत्र में नए उत्साह की लहर उन्होंने अंतरिक्ष में भारतीय तिरंगे के लहराने को देश का गौरवपूर्ण क्षण बताया और कहा कि इससे देश में विज्ञान और नवाचार के प्रति नया उत्साह पैदा हुआ है। मानसून को उन्होंने “नवजीवन और पुनरुत्थान” का प्रतीक बताया और जलाशयों के रिकॉर्ड स्तर को ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए शुभ संकेत कहा। आतंकवाद और माओवाद में कमी की बात पीएम मोदी मानसून सत्र संबोधन में आंतरिक सुरक्षा का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि देश में आतंकवाद, नक्सलवाद और माओवाद में उल्लेखनीय गिरावट आई है। उन्होंने कहा कि जो जिले पहले हिंसा से प्रभावित थे, वे अब हरित विकास क्षेत्रों में बदल रहे हैं। भारत की आर्थिक मजबूती और वैश्विक मान्यता प्रधानमंत्री ने भारत की अर्थव्यवस्था की मजबूती पर प्रकाश डालते हुए बताया कि 2014 में ‘Fragile Five’ का हिस्सा रहा भारत अब तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने के कगार पर है। उन्होंने बताया कि पिछले दस वर्षों में 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले हैं और मुद्रास्फीति को 2% तक स्थिर किया गया है। डिजिटल क्षेत्र में UPI की वैश्विक पहचान डिजिटल इंडिया की बात करते हुए प्रधानमंत्री ने UPI को वैश्विक फिनटेक लीडरशिप का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि UPI अब कई देशों में चल रहा है और भारत की डिजिटल साख को मजबूत कर रहा है। सामाजिक सुरक्षा और स्वास्थ्य में भारत की प्रगति उन्होंने अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन के हवाले से कहा कि 90 करोड़ से अधिक भारतीय अब सामाजिक सुरक्षा के दायरे में हैं। साथ ही, उन्होंने ट्रेकोमा रोग के उन्मूलन को स्वास्थ्य क्षेत्र की बड़ी सफलता बताया। आतंकवाद के खिलाफ एकजुटता और अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की बात पहल्गाम आतंकी हमले का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने संसद सदस्यों की पार्टी लाइन से ऊपर उठकर पाकिस्तान के खिलाफ एकजुट प्रतिक्रिया की सराहना की। उन्होंने कहा कि इससे भारत की विदेश नीति को वैश्विक मंच पर मजबूती मिली है। निष्कर्ष: एकता और उच्च गुणवत्ता वाली बहसों का आह्वान प्रधानमंत्री ने सभी सांसदों से आग्रह किया कि भले ही राजनीतिक विचार अलग हों, लेकिन राष्ट्रहित में एकजुटता जरूरी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि यह मानसून सत्र नए कानूनों के माध्यम से देश के विकास को गति देगा। Share This Article Post navigation देशभर में भारी बारिश का अलर्ट, तेलंगाना के 12 जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी बिहार देश का पहला राज्य है, जिसके सभी मतदान केंद्रों पर 1200 से कम है मतदाता : जोड़े गए 12,817 नए मतदान केंद्र