ETrendingIndia / रायपुर, 21 मार्च 2026/
छत्तीसगढ़ में जल जीवन मिशन 2.0 के तहत केंद्र और राज्य सरकार के बीच महत्वपूर्ण एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय और केंद्रीय जलशक्ति मंत्री श्री सी.आर. पाटिल की वर्चुअल उपस्थिति में यह समझौता हुआ।
ग्रामीण जल व्यवस्था को मिलेगा नया बल
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह पहल ग्रामीण पेयजल व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में ऐतिहासिक कदम है। “हर घर जल” लक्ष्य को तेज गति से पूरा करने में यह मिशन सहायक होगा।
82.66% घरों तक पहुंचा नल कनेक्शन
राज्य में अब तक 41 लाख 30 हजार से अधिक ग्रामीण परिवारों, यानी लगभग 82.66 प्रतिशत घरों को नल कनेक्शन उपलब्ध कराया जा चुका है। इससे दूरस्थ, वनांचल और आदिवासी क्षेत्रों में महिलाओं को बड़ी राहत मिली है।
मिशन 2.0 की प्रमुख विशेषताएं
इस चरण में जल सेवा वितरण प्रणाली को मजबूत करने, जनभागीदारी बढ़ाने, जल स्रोतों के संरक्षण, पुनर्भरण और योजनाओं के बेहतर संचालन व रखरखाव पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। साथ ही तकनीक आधारित और पारदर्शी जल सेवा प्रणाली विकसित की जाएगी।
70 समूह जल प्रदाय योजनाओं से 3 हजार से गांवों तक पहुंचेगा पेयजल
मुख्यमंत्री ने नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के लिए 1300 करोड़ रुपये की विशेष स्वीकृति का आग्रह किया। इससे 70 समूह जल प्रदाय योजनाओं के जरिए 3 हजार से अधिक गांवों तक पेयजल पहुंचाया जाएगा।
पंचायतों को मिलेगी जिम्मेदारी
केंद्रीय मंत्री श्री पाटिल ने कहा कि एमओयू के बाद हर घर तक पाइपलाइन से पानी पहुंचाने का लक्ष्य पूरा होगा। ग्राम पंचायतों को रखरखाव की जिम्मेदारी दी जाएगी और जिला प्रशासन निगरानी करेगा।
