रायपुर,15 जून 2026/ ETrendingIndia / “Protection from cybercrimes, awareness is the biggest weapon , साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों के बीच नागरिकों को जागरूक करने के उद्देश्य से न्यूज 18 द्वारा एक निजी होटल में साइबर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में रायपुर कमिश्नरेट के डीसीपी (नॉर्थ जोन) मयंक गुर्जर शामिल हुए और उपस्थित लोगों को साइबर सुरक्षा के विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि तकनीक के बढ़ते उपयोग के साथ साइबर अपराधी भी ठगी के नए-नए तरीके अपना रहे हैं। ऐसे में नागरिकों के लिए सतर्क और जागरूक रहना बेहद जरूरी है।
साइबर अपराधों से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय जागरूकता और सावधानी है।
ऑनलाइन फ्रॉड, डिजिटल अरेस्ट, फर्जी केवाईसी अपडेट, बैंकिंग धोखाधड़ी, निवेश के नाम पर ठगी, सोशल मीडिया हैकिंग, फर्जी लिंक, ओटीपी और यूपीआई फ्रॉड जैसे साइबर अपराधों की जानकारी देते हुए बचाव के उपाय बताए।
किसी भी अज्ञात व्यक्ति के साथ ओटीपी, बैंक खाता विवरण, एटीएम कार्ड नंबर, सीवीवी या यूपीआई पिन जैसी गोपनीय जानकारी साझा न करें।
अनजान लिंक पर क्लिक करने से बचें और मोबाइल या कंप्यूटर में केवल विश्वसनीय स्रोतों से ही एप्लिकेशन डाउनलोड करें।
सोशल मीडिया खातों के लिए मजबूत पासवर्ड का उपयोग करें तथा टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन को सक्रिय रखें।
किसी भी निवेश, लॉटरी, इनाम या नौकरी के आकर्षक प्रस्तावों पर बिना सत्यापन भरोसा न करें।
साइबर ठगी का शिकार होने पर तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज करानी चाहिए।
राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज की जा सकती है। बैंक खाते से संबंधित किसी भी संदिग्ध लेन-देन की जानकारी मिलते ही बैंक और पुलिस को तत्काल सूचित करने की सलाह दी गई।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित नागरिकों ने साइबर अपराधों से जुड़े विभिन्न प्रश्न पूछे, जिनका डीसीपी मयंक गुर्जर ने विस्तार से जवाब दिया।
उन्होंने लोगों से अपील की कि वे स्वयं जागरूक बनें और अपने परिवार, मित्रों तथा समाज के अन्य लोगों को भी साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक करें ।
