रायपुर, 27 जुलाई 2026/ ETrendingIndia / NEET परीक्षा विवाद के बाद केंद्रीय शिक्षा मंत्री पद से इस्तीफा देने वाले धर्मेंद्र प्रधान स्वागत के बीच सोमवार को संसद पहुंचे। संसद परिसर में भारतीय जनता पार्टी (BJP) और एनडीए (NDA) के सांसदों ने उनका गर्मजोशी से अभिनंदन किया। इस दौरान सांसदों ने “धर्मेंद्र प्रधान जिंदाबाद” के नारे लगाए और उनका स्वागत किया।
BJP सांसदों ने किया सम्मान
संसद के मकर द्वार पर कई BJP सांसद पहले से मौजूद थे। धर्मेंद्र प्रधान स्वागत के दौरान उन्हें पारंपरिक टोपी पहनाई गई और सम्मान स्वरूप शॉल ओढ़ाकर अभिनंदन किया गया। इसके बाद सांसद उनके साथ संसद भवन तक पहुंचे। यह कार्यक्रम पार्टी की एकजुटता और समर्थन का प्रतीक माना जा रहा है।
विपक्ष ने जताया विरोध
दूसरी ओर, विपक्षी दलों के सांसदों ने इस घटनाक्रम पर विरोध दर्ज कराया। उनका आरोप है कि NEET परीक्षा को लेकर प्रदर्शन कर रहे छात्रों के साथ पुलिस ने सख्ती बरती। इसलिए उन्होंने सरकार से छात्रों की मांगों पर गंभीरता से विचार करने और परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार करने की मांग दोहराई।
NEET विवाद के बाद राजनीतिक हलचल
धर्मेंद्र प्रधान ने देशभर में हुए छात्र प्रदर्शनों और NEET परीक्षा विवाद के बीच शिक्षा मंत्री पद से इस्तीफा दिया था। इसके बाद संसद में उनका स्वागत राजनीतिक चर्चा का विषय बन गया। अंत में, यह घटनाक्रम सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच परीक्षा व्यवस्था, जवाबदेही और शिक्षा सुधार को लेकर जारी राजनीतिक बहस को और तेज कर सकता है।
