Share This Article रायपुर / ETrendingIndia / छत्तीसगढ़ श्रमिक कल्याण पहल , श्रमिकों के स्वास्थ्य और सुरक्षा पर जोर छत्तीसगढ़ राज्य गठन की रजत जयंती पर श्रमिक कल्याण की अनोखी पहल की गई। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मंशा के अनुरूप श्रम विभाग ने 12 से 19 सितम्बर 2025 तक राज्यभर में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य श्रमिकों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को प्राथमिकता देना था। राज्यभर में लगे स्वास्थ्य परीक्षण शिविर इस पहल के तहत विभिन्न औद्योगिक जिलों में बड़ी संख्या में स्वास्थ्य परीक्षण शिविर लगाए गए। रायपुर, दुर्ग, कोरबा और रायगढ़ जैसे प्रमुख जिलों में हजारों श्रमिक लाभान्वित हुए। उदाहरण के लिए, रायगढ़ जिले में आयोजित शिविरों से अकेले 3,800 से अधिक श्रमिकों ने स्वास्थ्य परीक्षण कराया। इसी तरह बिलासपुर, महासमुंद, बलौदाबाजार, कवर्धा और जांजगीर-चांपा जिलों में भी सैकड़ों श्रमिकों ने लाभ उठाया। मुख्यमंत्री ने किया श्रमिक महासम्मेलन का उद्घाटन 17 सितम्बर को रायपुर के इंडोर स्टेडियम में श्रमिक महासम्मेलन आयोजित हुआ। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रमिक ही राज्य की शक्ति और विकास के प्रतीक हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि श्रमिकों का स्वास्थ्य और कल्याण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सम्मेलन के दौरान भी स्वास्थ्य परीक्षण शिविर लगाया गया, जिसमें 300 श्रमिकों ने भाग लिया। औद्योगिक विकास में अहम कदम राज्य शासन का मानना है कि श्रमिकों का स्वास्थ्य और सुरक्षा, औद्योगिक उत्पादकता और समग्र विकास से सीधे जुड़े हैं। इसलिए यह श्रमिक कल्याण पहल, छत्तीसगढ़ के औद्योगिक विकास और श्रमिकों की जीवन गुणवत्ता सुधारने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होगी। Share This Article Post navigation छत्तीसगढ़ पीएससी भर्ती घोटाला: सीबीआई ने पांच गिरफ्तार किए UPSC की सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले SC एवं ST अभ्यर्थियों को एक लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि मिलेगी, आवेदन की अंतिम तिथि 23 सितंबर