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रायपुर / ETrendingIndia / RBI ने रेपो दर में की 25 आधार अंकों की कटौती

RBI ने मौद्रिक समीक्षा के बाद पॉलिसी रेपो दर 5.25% कर दी। यह फैसला MPC की सर्वसम्मति से हुआ। भारत की गोल्डीलॉक्स अर्थव्यवस्था के कारण यह कटौती संभव हुई। समिति ने मजबूत आर्थिक वृद्धि और कम मुद्रास्फीति को मुख्य आधार बताया। इससे पहले 1 अक्टूबर की समीक्षा में दरें स्थिर रखी गई थीं।


GDP अनुमान बढ़कर 7.3% हुआ

RBI ने FY26 के लिए GDP अनुमान 7.3% किया। यह पहले से 0.5% अधिक है। इसके अलावा, Q3 में वृद्धि 7% और Q4 में 6.5% रहने की उम्मीद है। फिर भी, अगले वर्ष की पहली तिमाहियों में 6.7% और 6.8% वृद्धि का अनुमान है।
संजय मल्होत्रा ने कहा कि ग्रामीण मांग मजबूत है और शहरी खपत भी बढ़ रही है। GST दरों में बदलाव से उपभोग को बढ़ावा मिला।


मुद्रास्फीति घटकर 2%—RBI ने दिया नया अनुमान

RBI ने FY26 की CPI मुद्रास्फीति का अनुमान घटाकर 2% किया। अक्टूबर में हेडलाइन मुद्रास्फीति 0.25% रही, जो ऐतिहासिक रूप से सबसे कम है।
खाद्य आपूर्ति बेहतर होने से कीमतों में गिरावट आई।
हालांकि, कीमती धातुओं के दाम बढ़ने से 50 आधार अंकों का दबाव बना रहा।
इसके अलावा, Q3 में मुद्रास्फीति 0.6% और Q4 में 2.9% रहने का अनुमान है।


तरलता बढ़ाने के लिए RBI के नए कदम

तरलता को मजबूत करने के लिए RBI ने ₹1 लाख करोड़ के सरकारी बॉन्ड OMO खरीदने की घोषणा की। साथ ही, 3 साल के लिए USD 5 बिलियन का स्वैप भी किया जाएगा।
RBI ने कहा कि विदेशी मुद्रा भंडार 686.2 बिलियन डॉलर है, जो 11 महीने से अधिक का आयात कवर देता है। इससे बाहरी क्षेत्र स्थिर बना रहेगा।


“गोल्डीलॉक्स पीरियड”—उच्च विकास और कम महंगाई का दुर्लभ समय

गवर्नर मल्होत्रा ने कहा कि GDP का 8% विकास और 2.2% मुद्रास्फीति मिलकर भारत की गोल्डीलॉक्स अर्थव्यवस्था बनाते हैं। यह दुर्लभ संतुलन है। इसी कारण MPC को दरें घटाने के लिए नीति-स्थान मिला।


बैंकिंग सेवाओं पर भी RBI का जोर

गवर्नर ने बैंकों और NBFCs से ग्राहक सेवा सुधारने को कहा। उन्होंने 1 जनवरी से दो महीने की शिकायत निवारण मुहिम की घोषणा की।
रिपोर्ट के अनुसार FY25 में शिकायतें 13.34 लाख तक बढ़ गईं। इनमें 29% शिकायतें लोन से जुड़ी थीं, जबकि क्रेडिट कार्ड समस्याएं 20% बढ़ीं।


अंत में, RBI ने कहा कि वर्तमान आर्थिक माहौल मजबूत है। इस प्रकार भारत आर्थिक स्थिरता और विकास दोनों के संतुलन में आगे बढ़ रहा है।