रायपुर, 25 जुलाई 2026/ ETrendingIndia / मध्य पूर्व में तनाव और गहरा गया है। यमन के हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब के जिजान क्षेत्र और अरामको से जुड़ी तेल सुविधा पर मिसाइल व ड्रोन हमले का दावा किया है। घटना के बाद क्षेत्रीय सुरक्षा, वैश्विक तेल आपूर्ति और समुद्री व्यापार को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं। हालांकि, सभी दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।
अरामको की तेल सुविधा बनी निशाना
हूती विद्रोहियों ने दावा किया कि जिजान स्थित औद्योगिक क्षेत्र और अरामको से जुड़ी तेल सुविधा को मिसाइल व ड्रोन से निशाना बनाया गया।
जिजान में विस्फोट, बिजली आपूर्ति प्रभावित
हमलों के बाद जिजान क्षेत्र में कई विस्फोटों की आवाजें सुनी गईं और कुछ इलाकों में बिजली आपूर्ति प्रभावित होने की खबर है।
सऊदी ने जारी की आपात चेतावनी
स्थिति को देखते हुए सऊदी प्रशासन ने यानबू प्रांत के लिए आपातकालीन चेतावनी जारी कर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी।
पहले सऊदी ने किए थे हवाई हमले
इससे पहले सऊदी अरब ने यमन के हूती नियंत्रित ठिकानों पर हवाई हमले किए थे, जिसके बाद हूती विद्रोहियों ने जवाबी कार्रवाई की चेतावनी दी थी।
तेल बाजार और समुद्री व्यापार पर असर की आशंका
विशेषज्ञों का मानना है कि लाल सागर क्षेत्र में बढ़ते हमलों से वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति, तेल परिवहन और अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार प्रभावित हो सकता है।
