रायपुर / ETrendingIndia / जापान में तीसरा बर्ड फ्लू प्रकोप, बढ़ी चिंता
जापान में बर्ड फ्लू प्रकोप का तीसरा मामला सामने आया है। यह संक्रमण निइगाता प्रांत के तैनाई शहर के एक पोल्ट्री फार्म में पाया गया है। अधिकारियों ने बताया कि लगभग 6.3 लाख मुर्गियों को संक्रमण रोकने के लिए मारने का निर्णय लिया गया है। पहले भी होक्काइडो के शिराओई और एनीवा शहरों में अक्टूबर में इसी तरह के मामले सामने आए थे।
वैश्विक स्तर पर फैल रहा बर्ड फ्लू संक्रमण
बर्ड फ्लू यानी एवियन इन्फ्लूएंजा वायरस इस समय दुनिया के कई देशों में फैल रहा है। इस कारण पोल्ट्री उद्योग को भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है। जापान सरकार ने कहा कि यह वायरस अत्यधिक संक्रामक है, जिससे न केवल घरेलू पक्षियों, बल्कि जंगली पक्षियों की मृत्यु दर भी बढ़ रही है। इस कारण सरकार ने क्वारंटाइन जोन और सख्त नियंत्रण उपायों को लागू किया है।
संक्रमण के मानव स्वास्थ्य पर संभावित प्रभाव
विशेषज्ञों का कहना है कि यह वायरस मानव स्वास्थ्य के लिए भी संभावित खतरा पैदा कर सकता है। इसलिए निगरानी और परीक्षण बढ़ा दिए गए हैं। हालांकि अभी तक किसी इंसान में संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन स्वास्थ्य विभाग ने सभी पोल्ट्री फार्मों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। इस कारण देशभर में सुरक्षा मानकों को और कड़ा किया गया है।
सरकार ने बढ़ाई निगरानी और रोकथाम की तैयारी
सरकार ने कहा कि यदि समय पर नियंत्रण नहीं किया गया, तो जापान का पोल्ट्री उद्योग गंभीर संकट में आ सकता है। इसलिए सभी प्रांतों को संक्रमण निगरानी और रिपोर्टिंग सिस्टम को मजबूत करने का निर्देश दिया गया है। साथ ही किसानों से अपील की गई है कि वे किसी भी असामान्य मौत या लक्षण की तुरंत सूचना दें।
